फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Varanasi News: जूही बब्बर बोलीं, थिएटर ने दी असली पहचान, माता-पिता रहे जीवन के प्रेरणास्रोत

विज्ञापन
जूही बब्बर
विज्ञापन
वाराणसी। सिनेमा, टीवी और रंगमंच की अदाकारा जूही बब्बर सोनी शुक्रवार को काशी पहुंचीं। उन्होंने कहा कि वह पहली बार बाबा विश्वनाथ की नगरी आई हैं और उन्हें इस बात का मलाल है कि यहां आने में इतनी देर क्यों हो गई। उन्होंने कहा कि देश और दुनिया के 50 से अधिक बड़े शहरों का भ्रमण करने के बाद भी उनका कलात्मक सफर अधूरा था, जो आज काशी की पावन धरा पर कदम रखते ही संपूर्ण हो गया। इस ऐतिहासिक शहर की धड़कनों में ही नाटक और अभिनय बसता है।
विज्ञापन


शनिवार को छावनी स्थित एक होटल में उन्होंने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि काशी को सिर्फ आध्यात्मिक या धार्मिक केंद्र के रूप में देखना अधूरा होगा। यह शहर कला, साहित्य और संस्कृति का धड़कता हुआ दिल है। यहां की संकरी गलियों, चौराहों, गंगा के घाटों और जनजीवन में रंगमंच की स्वाभाविक झलक साफ दिखाई देती है।
उन्होंने कहा कि माता-पिता से ही कला की बारीकियों और जीवन के मूल्यों को सीखा। रंगमंच केवल संवाद अदायगी का माध्यम नहीं है, बल्कि यह कलाकार के भीतर आत्मविश्वास और आत्मबल पैदा करता है। लाइव ऑडियंस के सामने किया गया प्रदर्शन कलाकार को जीवनभर के अनुभव की थाती देता है। इंडस्ट्री में पारिवारिक पृष्ठभूमि और भाई-भतीजावाद के सवाल पर उन्होंने कहा कि फिल्मी परिवार से ताल्लुक रखने वाले को शुरुआती दौर में मंच या पहला मौका आसानी से मिल सकता है, मगर आगे का रास्ता सिर्फ और सिर्फ उसकी व्यक्तिगत योग्यता तय करती है। उन्होंने अपने एकल नाटक ‘विद लव आपकी सैयारा’ पर चर्चा करते हुए बताया कि इस नाटक के अब तक देश और दुनिया के 50 से अधिक शहरों में 131 सफल मंचन हो चुके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें