प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर देशभर में चल रहे स्वच्छ भारत मिशन के तहत उनके संसदीय क्षेत्र से बड़ी नजीर पेश करने की तैयारी है। काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में गंदगी करने वालों के पर आईपीसी की धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।
श्रद्धालुओं और पर्यटकों के सामने काशी विश्वनाथ मंदिर के जरिए स्वच्छ तस्वीर दिखाने के लिए परिसर में गंदगी फैलाने वालों पर सार्वजनिक और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का मुकदमा दर्ज होगा। मंदिर परिसर में तैनात पुलिसकर्मी मुकदमा दर्ज कराएंगे। अब तक गंदगी करने वालों के खिलाफ जुर्माना वसूला जाता है।
शहर की साफ-सफाई को लेकर लगातार हो रही किरकिरी के बाद प्रशासन ने नए सिरे से स्वच्छता अभियान शुरू करने की योजना बनाई है। इसकी शुरुआत काशी के आराध्य विश्वनाथ मंदिर से की जाएगी।
आईपीसी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने के लिए मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने शासन से गाइडलाइन मांगी है। पूछा गया है कि गंदगी फैलाने पर किन धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाए और उन पर क्या कार्रवाई की जाए।
मंदिर परिसर के बाद नए नियम को पूरे शहर में लागू करने की तैयारी है। नई व्यवस्था में नगर निगम की ओर से जोनल और सेक्टर अधिकारी की नियुक्ति की जाएगी।
मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल का कहना है कि काशी विश्वनाथ परिसर में गंदगी करने वालों के खिलाफ आईपीसी की धाराओं में कार्रवाई के लिए कार्ययोजना तैयार है। इसके लिए नगर निगम और पुलिस की जिम्मेदारी तय की जाएगी।