कुलपति प्रो. सुधीर कुमार जैन ने काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के सदस्यों का आह्वान किया है कि वे शैक्षणिक व अनुसंधान उत्कृष्टता के विश्वविद्यालय के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में एक टीम की तरह कड़ी मेहनत करें।
कुलपति 78वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर एम्फिथियेटर मैदान पर ध्वजारोहण के पश्चात विश्वविद्यालय परिवार के सदस्यों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय के महान संस्थापकों ने एक ऐसे संस्थान की संकल्पना की थी जो एक स्वतंत्र देश के युवाओं की आकांक्षाओं को पूरा करने में मदद करते हुए राष्ट्र निर्माण का मार्ग प्रशस्त करेगा।
इसके परिणामस्वरूप काशी हिन्दू विश्वविद्यालय अस्तित्व में आया, जहां विद्यार्थी न सिर्फ अपनी संस्कृति के बारे में अध्ययन करें अपितु मूल्य परक शिक्षा प्राप्त करने के साथ साथ आधुनिक विज्ञान और प्रौद्योगिकी की भी पढ़ाई करें।
उन्होंने कहा कि किसी देश के लोग वहां निर्मित कार्य संस्कृति अथवा समाज के आधार पर ही यह तय करते हैं कि वह देश किस दिशा की ओर अग्रसर होगा। इसी प्रकार काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के सदस्य, चाहे विद्यार्थी हों, शिक्षक हों अथवा कर्मचारी हों, ही विश्वविद्यालय की प्रगति के लिए ज़िम्मेदार हैं।
कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय को सही दिशा में अग्रसर करने के लिए तीन बातें महत्वपूर्ण हैं, एक स्वस्थ कार्यसंस्कृति का निर्माण, संस्थान से अच्छे सदस्यों का जुड़ना, तथा उनका सशक्तिकरण। प्रो. जैन ने विश्वास जताया कि विश्वविद्यालय परिवार के सदस्य इस दिशा में भरपूर प्रयास करेंगे एवं बीएचयू को प्रगति व प्रतिष्ठा के नए शिखर पर ले जाने में भूमिका निभाएंगे।
इससे पहले एनसीसी कैडेट्स ने कुलपति को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। कुलपति ने एनसीसी परेड की सलामी भी ली। इस अवसर पर संगीत एवं मंच कला संकाय के डॉ. विजय कपूर तथा उनके विद्यार्थियों ने वन्दे मातरम की प्रस्तुति भी दी। समारोह में विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारीगण, संस्थानों के निदेशक, संकायों के प्रमुख, विभागों के अध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित थे।