प्रो. गोविंद आचारी पुरस्कार से हो चुके हैं सम्मानित
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आईआईटी बीएचयू के शोध छात्र ने ऐसी दवा ईजाद की है, जिससे हृदयाघात से निजात मिल सकेगी। दवा ब्लूबेरी फल से तैयार की गई है। शोध छात्र रामोजी कोसुरू ने अपने शोध में साबित किया है कि ब्लूबेरी फल में एक ऐसा एंटी ऑक्सीडेंट है, जिसके सेवन से हृदयाघात की आशंका कम हो जाती है।
इस शोध पर रामोजी को हाल ही में भारतीय औषधि संस्था की ओर से प्रो. गोविंद आचारी पुरस्कार से नवाजा गया है। देश के 12 औषधीय शोध में रामोजी के शोध को प्रथम स्थान मिला है।
आईआईटी बीएचयू के फार्मास्युटिकल विभाग के शोध छात्र रामोजी कोसुरू ने प्रो. संजय सिंह की देखरेख में शोध पूरा किया है। रामोजी के अनुसार ब्लूबेरी में ‘टेरोस्टिलबीन’ नामक एंटी ऑक्सीडेंट पाया जाता है, जो मधुमेह रोगियों के फायदेमंद साबित होता है।
बताया कि मधुमेह रोगियों में हृदयाघात की आशंका सामान्य व्यक्ति की तुलना में दोगुना होती है। ऐसे में मधुमेह रोगी इसका सेवन कर सकते हैं। बताया कि उनके द्वारा तैयार ड्रग को चूहों पर परीक्षण किया गया, जो सफल रहा है।
इस शोध का एक हिस्सा हांगकांग विश्वविद्यालय की लैब में किया गया था। बता दें कि भारतीय फार्माकोलॉजिकल सोसाइटी के प्रो. गोविंद आचारी के सम्मान में यह पुरस्कार ऐसे व्यक्ति को दिया जाता है कि जिसने कि फार्माकोलॉजी अनुसंधान में विशेष योगदान दिया हो।