धान में नमी, बोरा उपलब्ध न होना और तौल सही न होने की वजह से किसान नाराज हैं। कुछ जगह किसानों के अधिक मात्रा में पहुंचने के बाद भी उनके धान केंद्र प्रभारी द्वारा नहीं लिया जा रहा है। सभी जगह बिचौलियों का धान खरीदा जा रहा है। जबकि किसान केंद्रों से लौट जा रहे हैं।
इस संबंध में धान क्रय केंद्र प्रभारियों का कहना है कि रजिस्ट्रेशन के बाद किसानों के नियमानुसार नंबर आने पर उनके धान खरीदे जा रहे हैं। एक किसान से मानक के अनुसार ही ध्यान लिया जा रहा है।
जिला अधिकारी एमपी सिंह ने कहा कि जनपद में धान खरीद को लेकर पूरी सतर्कता बरती जा रही है। बिचौलियों का खेल बंद करने के लिए अधिकारियों की टीम गठित की गई है। इस संबंध में धान क्रय केंद्र प्रभारियों एवं ठेकेदारों की बैठक बुलाई गई है।कोई भी किसान अपना धान देना चाहता है, वह निश्चिंत होकर क्रयकेंद्र पर धान बेच सकता है। लेकिन बिचौलियों और दलालों की सूची तैयार की जा रही है। उन पर बहुत जल्द कार्रवाई की जाएगी।