गुजरात के पाटीदार आंदोलन समिति के नेता हार्दिक पटेल ने सोमवार को यूपी के मिर्जापुर में कहा कि किसानों के साथ वादाखिलाफी करने वाली भाजपा सरकार का आखिरी दम तक विरोध करेंगे। चुनाव के पहले किसानों के लिए बड़े-बड़े वादा करने वाली भाजपा सरकार किसान विरोधी है। वह शिवशंकरी धाम में सोमवार को भारतीय किसान सेना की किसान महापंचायत को संबोधित कर रहे थे।
हार्दिक पटेल ने कहा कि मैं सरदार पटेल और महात्मा गांधी के प्रदेश का हूं, मोदी जी के प्रदेश का नहीं। गुजरात में एक महीने में 40 किसानों ने आत्महत्या कर ली, लेकिन सरकार सो रही है। सीआरपीएफ के जवानों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि सीआरपीएफ का सम्मान बढ़ाने के लिए उसे पूर्ण सैनिक बल का दर्जा देना चाहिए।
जब तक हम किसानों के बीच के लोगों को राजनेता के रूप में नहीं चुनेंगे, तब तक किसानों का भला नहीं होने वाला। हार्दिक पटेल ने आरोप लगाया कि जीएसटी और नोटबंदी ने किसानों को आत्महत्या करने के लिए विवश किया। प्रदेश के मुख्यमंत्री किसानों का दर्द नहीं समझ सकते।
हार्दिक पटेल ने कहा, जब एक व्यक्ति का अरबों का लोन माफ हो सकता है तो किसानों के दो लाख रुपये के लोन क्यों नहीं माफ हुए। विशिष्ट अतिथि अखिलेश कटियार ने कहा कि किसानों की बदहाली का कारण राज्य सरकार की नीतियां हैं। भारतीय किसान सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामराज सिंह पटेल ने कहा कि हर किसान 47 हजार रुपये का कर्जदार है, जो स्वामीनाथन आयोग लागू करेगा किसान उन्हीं के साथ रहेगा।