पीएम के कार्यक्रम के लिए डीरेका में बनाया जा रहा चौपाल।
पीएम की फ्लीट जिन रास्तों से गुजरेगी, उन्हें आधे घंटे पहले ही सील कर दिया जाएगा। सामने घाट स्थित ज्ञान प्रवाह और अस्सी घाट पर प्रधानमंत्री के पहुंचने से दो घंटा पहले ही विश्व सुंदरी पुल से हरिश्चंद्र घाट तक गंगा में नौकायन रोक दिया जाएगा। गंगा में नेवी के गोताखोर, एनडीआरएफ, जल पुलिस और पीएसी बाढ़ राहत के जवान सुरक्षा की कमान संभालेंगे। गुरुवार को पुलिस और प्रशासन के साथ एसपीजी के अधिकारियों ने बाबतपुर एयरपोर्ट से अस्सी घाट तक सभी कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण किया। पीएम की सुरक्षा के लिए पुख्ता रणनीति बनाई। पीएम के सभी कार्यक्रम स्थलों को शुक्रवार से एसपीजी अपनी निगरानी में ले लेगी।
एसपीजी के आईजी यशवंत की अगुवाई में छह सदस्यीय टीम गुरुवार को कमिश्नर, आईजी, डीआईजी, डीएम व एसएसपी के साथ पहले बाबतपुर एयरपोर्ट पहुंची। फिर डीरेका गेस्ट हाउस और इंटर कॉलेज के खेल मैदान, ज्ञानप्रवाह और अस्सी घाट का निरीक्षण कर सभी स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में बैठक की। इस दौरान पीएम की सुरक्षा के मद्देनजर आवश्यक स्थानों पर बैरिकेडिंग के निर्देश दिए। तय हुआ कि सभी कार्यक्रम स्थलों पर डॉग स्क्वॉड और बीडीएस से सुबह, दोपहर और शाम में तलाशी अभियान चलाया जाए।
एसपीजी के आईजी ने कहा है कि डीरेका, सामने घाट और अस्सी स्थित पीएम के कार्यक्रम स्थल के आसपास रहने वालों का पुलिस वेरीफिकेशन शनिवार तक करा लिया जाए। सभी की नाम और पते की तस्दीक कर उनकी सूची मोबाइल नंबर के साथ तैयार कर ली जाए। उधर, पीएम आगमन के चलते पुलिस की ओर से देर रात तक शहर के रेलवे स्टेशनों, बस अड्डोें, होटलोें, धर्मशालाओं, लॉजों सहित सभी सार्वजनिक स्थानों में सघन तलाशी अभियान चलाया गया।
प्रधानमंत्री आगमन के मद्देनजर प्रमुख सचिव गृह देवाशीष पांडा और डीजीपी जावीद अहमद ने वीडियो कांफ्रेेंसिंग के जरिए सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। वाराणसी और बलिया के कमिश्नर, आईजी, डीआईजी, डीएम, एसएसपी को निर्देश दिया कि किसी भी स्तर पर कोई ढिलाई नहीं होनी चाहिए। मार्ग के जर्जर तारों की मरम्मत के साथ खुफिया कर्मियों की तैनाती का निर्देश दिया।