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कोरोना जांच कराने के लिए करना पड़ा घंटों इंतजार

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बीएचयू अस्पताल के सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक (एसएसबी) में शनिवार को कोरोना जांच कराने वाले मरीजों की लंबी लाइन लगी रही।
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किसी को इलाज के लिए तो कोई ऑपरेशन के लिए जांच कराने आया था। एक काउंटर पर पंजीकरण के बाद लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ा।
वाराणसी और आसपास के जिलों से आए मरीजों ने अस्पताल प्रशासन से कोरोना जांच के लिए काउंटर बढ़ाने की मांग की है।
कोरोना संक्रमण का दिन प्रतिदिन ग्राफ बढ़ता देख सतर्कता के लिहाज से बीएचयू अस्पताल में कि सी भी विभाग में जांच या ऑपरेशन में
कोविड की निगेटिव रिपोर्ट को अनिवार्य कर दिया गया है। शनिवार को अस्पताल में एक्सरे, अल्ट्रासाउंड सहित अन्य जांच कराने मरीज पहुंचे तो
उन्हें प्रोटोकॉल के अनुसार कोरोना जांच कराने को कहा गया है।
अस्पताल में हाइड्रोसील की जांच कराने आए थे। चिकित्सक ने कोरोना जांच कराने को कहा। इसके बाद लाइन में लगे रहे।
करीब तीन घंटे खड़े रहने के बाद किसी तरह जांच हो सकी। काउंटर बढ़ाने की जरूरत है।
-रामआसरे, रामनगर
ऑपरेशन कराने की तिथि चिकित्सक ने रविवार की दी है। कोरोना की निगेटिव रपोर्ट भी मांगी गई है। 11 बजे ही पंजीकरण कराने के बाद लाइन में लग गए। दो बजे के करीब जांच हो सकी।
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- शैलेश चौहान, मुगलसराय
विभागवार देखे गए 50 मरीज, ऑपरेशन भी हुए कम
वाराणसी। ओपीडी में भी विभागवार 50 मरीज शनिवार को देखे गए। इसके अलावा हर विभाग में कुल 25 कर्मचारी और छात्रों को देखा गया। उधर नियमानुसार ऑपरेशन भी केवल 50 प्रतिशत ही किया गया। कोविड प्रोटोकॉल का पालन कराने के उद्देश्य से एक-एक कर मरीज चिकित्सक के पास बुलाए जा रहे थे। ओपीडी में गेट पर खड़े पैरामेडिकल स्टाफ मरीजों को अंदर बुला रहे थे और सोशल डिस्टेंसिंग के साथ ही मरीजों को देखा जा रहा था। चिकित्सा अधीक्षक प्रो. केके गुप्ता ने बताया कि ओपीडी हो या ऑपरेशन थियेटर, हर जगह कोरोना प्रोटोकॉल का पालन कराया जा रहा है। इसी वजह से ओपीडी में मरीजों की संख्या सीमित कर दी गई है। टेली मेडिसिन माध्यम से भी परामर्श दिया जा रहा है। ब्यूरो
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