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ज्ञानवापी का सर्वे: कमीशन की कार्यवाही को निर्बाध संपन्न कराने के लिए जानिए क्या है अधिवक्ताओं की राय

Thu, 12 May 2022 09:14 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी

सार

विशाल सिंह दीवानी मामलों के बड़े वकील रहे स्व शीतला प्रसाद सिंह के पुत्र हैं। पहले वरिष्ठ अधिवक्ता स्व गिरधर दास के सानिध्य में वकालत की फिर पिता के साथ मिलकर काम किया।
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ज्ञानवापी मामले में कोर्ट के फैसले के बाद वैदिक सनातन संघ के प्रमुख - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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ज्ञानवापी मामले में सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत ने अधिवक्ता आयुक्त को बदलने की मांग को खारिज करते हुए कमीशन की कार्यवाही को निर्बाध संपन्न कराने के लिए अहम फैसले किए हैं। इस मामले में जानिए अधिवक्ताओं की क्या है राय ़़़़़

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निष्पक्ष तरीके से बिना भेदभाव के कमीशन की कार्यवाही को संपादित कराना है। कोर्ट के आदेश का अक्षरश: पालन हो। कोर्ट ने विश्वास कर जो जिम्मेदारी दी है, उसे विधिपूर्ण तरीके से कानून की परिधि के अंदर कार्यवाही होगी।
- विशाल सिंह, विशेष कोर्ट कमिश्नर

हम तीनों आयुक्त मिलकर कोर्ट के आदेश के अनुरूप निष्पक्ष कमीशन की कार्यवाही करेंगे, जो न्याय संगत और किसी के पक्ष में कार्यवाही नहीं होगी। वस्तुस्थिति से कोर्ट को अवगत कराया जाएगा। अदालत के आदेश के अनुसार सर्वे का काम होगा। अब किसी प्रकार की बाधा नहीं है।
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- अजय प्रताप सिंह, सहायक कोर्ट कमिश्नर

कोर्ट का फैसला आने के बाद ज्ञानवापी क्षेत्र में माहौल शांत रहा । सड़कों पर लोग आते-जाते रहे। - फोटो : अमर उजाला
कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायिक आदेश दिया है। आदेश का पूरा सम्मान करते हुए पुलिस प्रशासन अदालत के आदेश का पूरी तरीके से नियमानुसार पालन कराएगी। कोई भी अदालत के आदेश को बाधित करेगा तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी।
- आलोक चंद्र शुक्ल, डीजीसी फौजदारी

कोर्ट कमिश्नर जब कमीशन की कार्यवाही की तिथि तय करेंगे, तब सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराने के साथ ही कमीशन की कार्यवाही कराना सर्वोच्च प्राथमिकता जिला प्रशासन की होगी। इसके लिए पूरी तैयारी चल रही है। आदेश के बारे में प्रशासन को कापी भेजी जाएगी।
 - महेंद्र प्रसाद पांडेय डीजीसी सिविल
 

ज्ञानवापी मस्जिद और काशी विश्वनाथ मंदिर। - फोटो : अमर उजाला

अदालत के आदेश के अनुसार जो भी सर्वे में अवरोध उत्पन्न करेगा, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश प्रशासन को दिया गया है। अदालत ने साफ कहा है कि कोर्ट कमिश्नर नहीं बदले जाएंगे। अदालत के आदेश के अनुसार प्रशासन से बातचीत कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- सुभाष नंदन चतुर्वेदी, वादी अधिवक्ता

अदालत ने जो आदेश दिया है, उसके अनुसार सर्वे की कार्यवाही की जाएगी। इसके लिए कोर्ट कमिश्नर की ओर से सभी को सूचना भेजी जा रही है। अदालत के आदेश की कापी शुक्रवार तक सभी को रिसीव हो जाएगी। इसके बाद शनिवार से सर्वे की कार्यवाही शुरू की जाएगी।
- सुधीर त्रिपाठी वादी अधिवक्ता

ज्ञानवापी मामले में अदालत ने जो आदेश दिया है। उसके बारे में कमेटी के लोगों को बताया गया है। सभी पदाधिकारियों से बातचीत करने के बाद ही आगे तय होगा कि क्या किया जाएगा। पिछली बार कोर्ट कमिश्नर के सर्वे में हम लोगों की आपत्ति मस्जिद में वीडियोग्राफी करने की थी।
- अभय नाथ यादव, मुस्लिम पक्ष के अधिवक्ता

आज अदालत ने आदेश देकर सत्य की जीत की है। हम लोगों की जीत है। हमेशा सच्चाई की जीत होती है। किसी प्रकार का विरोध नहीं होगा। हम लोगों की लंबे समय से मांग है कि शृंगार गौरी का नियमित दर्शन पूजन करने दिया जाए। इसके लिए अदालत को धन्यवाद देती हूं।
- मंजू व्यास याचिकाकर्ता

अदालत के आदेश पर सर्वे की कार्यवाही होगी। पिछले दिनों बिना अनुमति के दो सौ लोग एकत्र हो गए थे। अब तीन दिन में सर्वे होगा। इंतेजामिया कमेटी के सभी पक्षों को अदालत ने खारिज कर दिया। अब जो आदेश आया है, उसी के अनुसार सर्वे की कार्यवाही होगी।
- शिवम गौड़, वादी के अधिवक्ता
 

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जानिए नए कोर्ट अधिवक्ता के बारे में

विशाल सिंह दीवानी मामलों के बड़े वकील रहे स्व शीतला प्रसाद सिंह के पुत्र हैं। पहले वरिष्ठ अधिवक्ता स्व गिरधर दास के सानिध्य में वकालत की फिर पिता के साथ मिलकर काम किया। मूलरूप से गौर मिर्जामुराद के रहने वाले हैं और वर्तमान में नाटी इमली में रहते हैं।

इसी प्रकार अजय प्रताप सिंह विश्वनाथ कॉरिडोर के भी वकील रहे। विंध्यवासिनी नगर में रहते हैं। एक भाई जेल अधीक्षक, एक वकील, एक डिप्टी डायरेक्टर हैं। पिता रेलवे में रहे।
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