तंबाकू सेवन करने वालों को कोरोना का खतरा अधिक
बीएचयू दंत चिकित्सा संकाय के पूर्व संकाय प्रमुख व एंटी टोबैको कैंपेन के समन्वयक प्रो. टीपी चतुर्वेदी बताते है कि तंबाकू हृदय व सांस के रोगों का खतरा चार गुना ज्यादा कर देता है। वहीं स्ट्रोक के खतरे को दो गुना अधिक कर देता है। कोरोना का असर तंबाकू का सेवन करने वालों पर ज्यादा हो रहा है। बीड़ी और सिगरेट पीने से फेफड़े कमजोर होते हैं और ऐसे लोग को कोरोना वायरस से संक्रमित होने पर वायरस खतरनाक ढंग से उनपर अपना प्रभाव डालता है। डॉ. चतुर्वेदी के अनुसार तंबाकू की वजह से लगभग 25 तरह की बीमारी व 40 तरह के कैंसर हो सकते हैं। नियमित रूप से तंबाकू सेवन करने से सांस का फूलना, टीबी, माइग्रेन, सिरदर्द, असमय बालों का झड़ना व सफेद होना, आंखो में मोतियाबिंद, हृदय की बीमारी व हार्ट अटैक, खून की बीमारी भी हो सकती है।
चार साल में 39012 कैंसर के मरीज, 11080 में मुंह का कैंसर -
होमी भाभा कैंसर अस्पताल एवं महामना पंडित मदन मोहन मालवीय कैंसर केंद्र में इलाज के लिए आने वाले लगभग 30 प्रतिशत कैंसर मरीज मुंह के कैंसर से ग्रसित हैं। 30 मई को जारी आंकड़ों के अनुसार, अस्पताल में 2018 से लेकर अब तक 39012 कैंसर मरीजों का पंजीकरण हुआ है, इनमें से 11080 (28.39 प्रतिशत) मरीज मुंह और सिर के कैंसर से ग्रस्त पाए गए। दोनों संस्थानों के सर्जिकल ओंकोलॉजी विभाग के प्रभारी डॉ. असीम मिश्रा ने बताया कि तंबाकू न केवल एक इंसान बल्कि उसके पूरे परिवार को प्रभावित करता है। 2020 में जारी पॉपुलेशन बेस्ड कैंसर रजिस्ट्री (पीबीसीआर) रिपोर्ट के अनुसार, वाराणसी में पुरुषों में होने वाला हर तीन में से एक कैंसर मुंह से संबंधित पाया गया था।
तंबाकू सेवन से होने वाले नुकसान
-तंबाकू उत्पादों के सेवन से होने वाले कैंसर के कारण 50 प्रतिशत लोगों की मौत हो जाती है।
-तंबाकू सेवन से हार्ट अटैक, अस्थमा, हाइपर टेंशन और ब्रोंकाइटिस जैसी कई बीमारियां होती है।
- शोध के अनुसार, तंबाकू उत्पादों का इस्तेमाल करने से महिलाओं में स्तन कैंसर का खतरा रहता है।
- धूम्रपान करने वालों में इनफर्टिलिटी की समस्या होने की संभावना रहती है। पुरुषों में शुक्राणु की क्वालिटी खराब होती है।