पीड़ित युवती ने बताया कि वह एक गायिका है। आरोप लगाया कि विधायक विजय मिश्र 2014 से उसका शारीरिक शोषण कर रहे थे। तहरीर में युवती ने एक जनवरी 2014 से 18 दिसंबर 2015 के बीच अपने साथ हुईं घटनाओं का जिक्र किया।
तहरीर के अनुसार, वर्ष 2014 में विधायक विजय मिश्र ने कार्यक्रम के लिए बुलाया था। स्टेज पर जाने से पूर्व जब वह अंदर कपड़े बदल रही थी, उसी समय विधायक कमरे में घुस गए और डरा-धमकाकर दुष्कर्म किया। कमरे में रखे असलहों की धौंस दिखाकर धमकी दी कि मुंह खोला तो अंजाम बुरा होगा।
विधायक ने अपने पुत्र विष्णु और पौत्र विकास को बुलाकर मुझे वाराणसी छोड़ने के लिए कहा तो उन दोनों ने मुझे सामने वाले मकान में ले जाकर दुष्कर्म किया। इसके बाद 2015 में प्रयागराज के अल्लापुर में अपने घर बुलाकर शोषण किया। नौकरी दिलाने का भरोसा देकर होटल में बुलाकर शारीरिक शोषण किया था। इससे परेशान होकर 2016 में वह मुंबई चली गई, लेकिन विधायक बराबर वीडियो कॉल कर अश्लील हरकतें करते रहते थे। मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस ने आगे की कार्रवाई करते हुए आज विकास मिश्र को गिरफ्तार कर लिया।
इस मामले में जेल में बंद विधायक
गोपीगंज थाना क्षेत्र के धनापुर गांव निवासी विधायक के रिश्तेदार कृष्णमोहन तिवारी ने चार अगस्त को गोपीगंज थाने में विधायक, उनकी पत्नी एमएलसी रामलली और पुत्र विष्णु मिश्र के खिलाफ मकान कब्जा करने, अन्य संपत्ति अपने बेटे के नाम वसीयत कराने के प्रयास और उनकी फर्म को अवैध ढंग से कब्जा करने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। मामले में विधायक आगरा जेल में बंद हैं, जबकि एमएलसी जमानत पर हैं। विष्णु मिश्र अभी तक फरार है। विवेचना के दौरान विधायक की बहू रूपा मिश्र का नाम भी सामने आने पर पुलिस ने उनके खिलाफ भी विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने बहू रूपा मिश्र की 23 दिसंबर तक गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है।