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मुसीबत : शादी का सीजन शुरू होते ही नोटों की कमी, 10 की गड्डी के लिए दे रहे 1400 रुपये; चांदी काट रहे कुछ लोग

Mon, 25 Nov 2024 06:41 AM IST
वाराणसी ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Varanasi News : शादी के सीजन में इस मुसीबत का फायदा कटे-फटे नोट बदलने वाले लोग काफी उठाते हैं। ग्राहकों से मुनाफा कमाने का जरिया बना लिया गया है। 10 की गड्डी के लिए अधिक रुपये खर्च करने पड़ रहे हैं। ऐसे समय में बैंक में भी उपभोक्ताओं को निराशा मिल जाती है।
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नोटों की कालाबाजारी करने वाले सक्रिय।
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विस्तार
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शादियों का सीजन शुरू होते ही नोटों की कालाबाजारी करने वाले सक्रिय हो गए हैं। बैंकों में लोगों को 10 रुपये के नए नोटों की गड्डी नहीं मिल रही है, लेकिन चौकाघाट, लहुराबीर, विश्वेश्वरगंज, चौक सहित कई स्थानों पर खुलेआम लोग दस रुपये की एक गड्डी के लिए 1200 से 1400 रुपये तक चार्ज लेकर उन्हें दे रहे है।

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बैंकों में गड्डी न मिलने से लोगों को मजबूरी में उनसे खरीदना पड़ पड़ रहा है, क्योंकि उनको शादी के लिए चाहिए। लोगों को शादियों में नोटों की माला बनाने, हवा में पैसा उड़ाने, अन्य लोगों को देने सहित अन्य काम के लिए जरूरत पड़ती है। 

नोटों की गड्डी लोग पूजा सामग्री, फूल बेचने वाले, राशन की दुकान, दवा की दुकान, नोट बदले जाने वाली दुकानों पर किसी भी समय लोग जाकर ले सकते हैं। ये दुकानदार खुलेआम आपसे ज्यादा पैसा लेकर आपको नोट दे रहे है। जिन घरों में शादी पड़ी है, उन्हें मजबूरी में ही अधिक पैसे देकर नए नोट खरीदने पड़ रहे हैं, क्योंकि अगर अधिक पैसा नहीं देंगे तो आपको नोट नहीं मिलेगी। 
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रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की गाइड लाइन के अनुसार नोटों को उतने की पैसे पर खर्च किया जा सकता है, जितना उस पर लिखा होता है। अगर दस रुपये लिखा है तो उसके लिए दस रुपये ही देना होता है। साथ ही एक निर्धारित खाता धारक और आम व्यक्ति को नियम के अनुसार ही कुछ गड्डी उपलब्ध कराई जा सकती है, लेकिन जिले में आप दुकानदारों के पास जाकर जितना भी पैसा चाहे ले सकते हैं। 

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हर दुकानदार का अपना नियम
चौकाघाट, लहुराबीर, विश्वेशवगंज, चौक सहित कई स्थानों अगर आप दस के नोटों की गड्डी लेने जा रहे हैं तो आपके सामने दुकानदार अपना नियम बताएगा। अगर नए नोट चाहिए तो उसका अलग कमीशन और अलग नियम है, अगर यूज किया हुआ चाहिए तो उसका अलग कमीशन और नियम है। साथ ही 20 और 50 की नोटों के लिए भी नियम है, लेकिन उसको लेने कम लोग आ रहे हैं। 

बोले अधिकारी
दीपावली के समय बैंकों में 10 की गड्डी आई थी। नोटों को उतने की पैसे पर खर्च किया जा सकता है, जितना उस पर लिखा होता है। हमें जानकारी नहीं है कि कहां पर लोग कितने रुपये में पैसा दे रहे हैं। - अविनाश अग्रवाल, एलडीएम, वाराणसी
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