इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (आईएमएस) बीएचयू के ट्रामा सेंटर में मरीजों को नए साल र्में नई सुविधाओं की सौगात मिलेगी। गंभीर मरीजों के लिए जहां 12 बेड का हाई डिपेंडेंसी यूनिट (एचडीयू) बनाया गया है, वहीं पंजीकरण सहित जांच के शुल्क भी ऑनलाइन जमा कराए जाएंगे।
ट्रामा सेंटर में वाराणसी और आसपास के जिलों के साथ ही बिहार, झारखंड से हर दिन इमरजेंसी और ओपीडी मिलाकर 500 से अधिक मरीज आते हैं। गंभीर मरीजों के इलाज के लिए आईसीयू की सुविधा भी है लेकिन मरीजों की संख्या अधिक होने की वजह से कभी-कभी आईसीयू में बेड के लिए इंतजार करना पड़ता है। मरीजों की इसी समस्या को देखते हुए एचडीयू की सुविधा देने का निर्णय लिया गया। अब तक यहां एचडीयू नहीं था। अब 12 बेड का एचडीयू बना दिया गया है। इससे गंभीर मरीजों के इलाज में बड़ी सहूलियत होगी। इसी तरह ट्रामा सेंटर में इमरजेंसी से लेकर ओपीडी शुल्क के साथ ही सभी तरह के जांच शुल्क मरीज और उनके परिजन ऑनलाइन जमा क र सकेंगे।
सर सुंदरलाल अस्पताल , बीएचयू
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आईसीयू में भी तीन बेड, प्राइवेट कमरे भी बढ़े
ट्रामा सेंटर में मरीजों के लिए एचडीयू के साथ-साथ आईसीयू में भी तीन बेड बढ़ाए जाएंगे। अब तक आईसीयू के 27 बेड थे, लेकिन तीन बेड बढ़ाने के बाद अब बेडों की संख्या 30 हो जाएगी। बीएचयू ट्रामा सेंटर के प्रभारी प्रो. सौरभ सिंह ने बताया कि नए बेड बढ़ाने के बाद वेंटीलेटर, मानीटर सहित अन्य उपकरण भी मंगा दिए गए हैं। ट्रामा सेंटर में प्राइवेट रूम भी बढ़ाए गए हैं। दो कमरे सेमी प्राइवेट हैं, जिसमें हर रूम में दो-दो मरीज भर्ती हो सकेंगे। इसके अलावा दो प्राइवेट रूम में एक-एक मरीज भर्ती करने की सुविधा मिलेगी।
मरीजों की सुविधाओं के लिए आईसीयू में बेड बढ़ाने के साथ ही एचडीयू की शुरूआत करने से गंभीर मरीजों को बड़ी सहूलियत होगी। आने वाले दिनों में जांच, इलाज की और भी सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी। -प्रो. सौरभ सिंह, आचार्य प्रभारी, ट्रामा सेंटर, बीएचयू