गंगा दशहरा पर पुण्य की डुबकी लगाने के लिए श्रद्धालुओं का रेला गंगा तटों पर उमड़ेगा। गंगा दशहरा पर बन रहे अद्भुत संयोग के बीच पुण्य की डुबकी लगाने के साथ ही दान करके पुण्य कमाने के लिए श्रद्धालु रात से ही काशी पहुंचने लगे है। इसके अलावा गंगा घाटों पर विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से मां गंगा की उत्पत्ति दिवस को मनाने की तैयारी की जा रही है।
गुरुवार को गंगा दशहरा पर गर करण, वृषस्थ सूर्य, कन्या का चंद्र होने के कारण बेहद खास योग निर्मित हो रहा है जो महाफलदायी है। इस बार योग विशेष का बाहुल्य होने से इस दिन स्नान, दान, जप, तप, व्रत और उपवास आदि करने का बहुत महत्व है।
इसके अलावा गंगा दशहरा ज्येष्ठ अधिकमास में होने से पूर्वोक्त कृत्य शुद्ध की अपेक्षा मलमास में करने से अधिक फल प्राप्त होता है। इसी क्रम में गंगोत्री सेवा समिति की ओर से गंगा दशहरा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है।
दशाश्वमेध घाट पर आयोजित कार्यक्रम में अर्चना आदित्य म्हसकर, स्नेहा अवस्थी और ओम तिवारी भजनों की संध्या प्रस्तुत करेंगे। तुलसीघाट पर शिव गंगा योगाश्रम ट्रस्ट एवं गंगा ज्ञान दीप द्वार की ओर से गंगा दशहरा मनाया जाएगा।