ट्रक चालक से अवैध वसूली न होने पर उसकी पिटाई कर गैर इरादतन हत्या के मामले में चार आरोपियों को कोर्ट से बड़ी राहत मिली। विशेष न्यायाधीश (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) अवनीश गौतम की अदालत ने शिवनारायण राम, अजय कुमार पटेल, चंद्र विजय सिंह व मोहम्मद आरिफ खां को आरोप सिद्ध न होने पर संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया।
प्रकरण के अनुसार वादी अश्वनी गुप्ता ने 26 सितंबर, 2011 को चंदौली जनपद के सैयदराजा थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोप था कि उसके पिता अनंत लाल गुप्ता ट्रक पर गाजियाबाद से हर्बल दवा लादकर कोलकाता जा रहे थे।
वह सिंधीताली रेलवे ओवरब्रिज पार कर रहा था, उसी दौरान एआरटीओ चंदौली की गाड़ी में सवार पांच लोगों ने ट्रक को ओवरटेक रोक कर कागजात मांगे। कागजात सही पाए जाने व उसमें लदे मॉल भी ओवरलोड न होने के बावजूद सभी पांच हजार रुपये मांगने लगे।
पिता ने विरोध किया तो उन लोगों ने लाठी-डंडे व लात-घूंसों से बुरी तरह से मारा-पीटा। जिससे उसके पिता की मौत हो गई। पुलिस ने विवेचना के बाद शिवनारायण राम, अजय कुमार पटेल, चंद्र विजय सिंह व मोहम्मद आरिफ खां के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया था।