वाराणसी।
आसमान में मंडराते बादल बुधवार की शाम को पूर्वांचल में मेहरबान हो गए
हैं। मानसून की पहली बारिश से उठने वाली माटी की सोंधी महक ने हर किसी को
खुशी से भर दिया है। शहर में रहने वाले गर्मी और तपिश की राहत मिलने से
प्रसन्न हैं तो बेमौसम बारिश के चलते तबाह हो चुके किसानों के चेहरे पर
मानसूनी बारिश ने नई चमक ला दी है। उन्हें उम्मीद है कि समय शुरू हुई बरसात
खरीफ की फसलों के लिए मुफीद होगी। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि दो
दिनों तक वर्षा होती रहेगी।
आसमान में तीन दिनों से बादल मंडरा रहे
हैं लेकिन बुधवार को सुबह सूरज अपनी पूरी चमक के साथ निकला। दिन में तापमान
38 डिग्री सेल्सियस था लेकिन शाम ढलते ही बादल घेरने लगे और झमाझम बारिश
शुरू हो गई। वर्षा से मौसम सुहाना हो गया है और तापमान में गिरावट आई है।
रात नौ बजे तक काफी वर्षा हुई। मौसम विज्ञानी प्रो. एसएन पांडेय ने बताया
कि मानसून सोनभद्र तक पहुंच गया था और शाम को पूर्वा हवा चलने लगी तो बनारस
में भी मौसम सुहावना हो गया। इसके साथ ही मानसून ने पूरे पूर्वांचल में
दस्तक दे दी है। उनका कहना है कि अगले दो दिनों तक वर्षा के आसार हैं।
मानसून
की पहली बारिश से बिजली की आपूर्ति भी प्रभावित हुई और शहर में सड़कों पर
जल भराव हो गया है लेकिन वर्षा की खुशी के सामने इन दुश्विारियों के कोई
मायने नहीं हैं। मानसून की बरसात से किसानों के चेहरे पर रौनक आ गई है।
चौबेपुर, चोलापुर, सारनाथ, लोहता, सेवापुरी, हरहुआ, पिंडरा आदि क्षेत्रों
में देरे रात तक तेज हवा के साथ वर्षा होती रही। किसानों का कहना है कि
दो-तीन दिनों तक वर्षा होने पर जमीन नम हो जाएगी। उसके बाद जुताई आसान हो
जाएगी।