इसके चलते उन्हें फर्म से निस्कासित कर दिया गया। इसके बाद पंकज सिंह त्रिदेव कांस्ट्रक्शन के मालिक बने उनके साथ रामपरिख सिंह कंपनी में 50 प्रतिशत के मालिक हैं। पुलिस का मानना है अभी भी इस कंपनी का संबंध अंसारी गिरोह से है, दिखावे के लिए नाम बदल दिया गया है।