शहर के कैंट रेलवे स्टेशन को मिली बम से उड़ाने की धमकी को अधिकारियों ने फर्जी बताया है। विभागीय लोगों ने बताया कि 24 मई को आरपीएफ को धमकी भरा पत्र मिला था, जिसमें स्टेशन को बम से उड़ान की बात की गई थी।
अधिकारियों ने बताया कि पत्र में नीचे मोबाइल नंबर भी लिखा था। पत्र लिखने वाला खुद को चंदौली का नक्सली बता रहा था। जब जांच की गई तो युवक अशोक विश्वकर्मा निकला। इस दौरान जांच में कोई संदिग्ध पहलू भी सामने नहीं आया। विभागीय लोगों ने बताया कि उसके नाम से किसी ने फर्जी पत्र लिखा था। इसी को लेकर मंगलवार को चेकिंग अभियान चलाया गया।
आपको बता दें कि किसी युवक ने आरपीएफ को पत्र लिखकर कैंट रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी दी थी। इसके बाद आरपीएफ और जीआरपी ने सोमवार देर रात सघन जांच अभियान चलाया था।
इस दौरान मेरठ-इलाहाबाद लिंक एक्सप्रेस की स्लीपर और जनरल में सवार यात्रियों की जांच की गई थी। साथ ही उनके सामानों को भी खंगाला गया था। इसके साथ ही प्लेटफॉर्म दो से लेकर सात तक चेकिंग की थी।