मिर्जापुर के चुनार में रेलवे क्रासिंग के पास गुरुवार को नाले में टवेरा डूबने के कारण आदमपुर के दीवानगंज निवासी बुनकर महबूब आलम सहित उनके परिवार के छह लोगों की मौत से मोहल्ले में मातम छाया हुआ है। शोक में शुक्रवार को कारोबारियों ने दूकानें बंद रखीं। भोर में सभी छह शव मिर्जापुर से दीवानगंज लाए गए। दोपहर में अंसाराबाद कब्रिस्तान में शवों को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। इस मौके पर करीब दो हजार लोग मौजूद थे।
दीवानगंज मुहल्ला निवासी महबूब आलम क्षेत्र में संभ्रांत शख्सियत के तौर पर पहचान रखते थे। बुधवार को उनकी बेटी सबीना अपने ससुराल से मायके आई थी। गुरुवार को महबूब अपने बेटा, बेटी और भांजा समेत परिवार के 12 सदस्यों के साथ पड़ोस की एक ट्रेवल एजेंसी से टवेरा किराये पर लेकर चुनार के कासिम सुलेमानी दरगाह शरीफ पर जियारत के लिए घर के निकले थे। बड़े बेटे इंतखाब उर्फ चिंटू घर पर ही थे।
चुनार में हादसा होने पर परिवार के छह लोगों की मौत हो गई। सूचना के बाद मौके पर घरवाले और रिश्तेदार घटनास्थल पर पहुंचे परिवार वालों की मांग पर पुलिस ने शवों को पंचनामा कर परिवार को सौंप दिया। शुक्रवार की भोर में परिवार के लोग बनारस पहुंचे और सभी शव सुपुर्द-ए-खाक किए गए। इंतखाब का कहना है कि उन्हें किसी से कोई शिकायत नहीं है। पुलिस और प्रशासन ने उनकी मदद की है।