डीएम ने दोनों का एक माह का वेतन काटने का निर्देश दिया। करमा ब्लॉक के सचिव चंद्र देव पांडे के ग्राम पंचायतों में छह सामुदायिक शौचालय में एक भी पूर्ण नहीं है। उनको चार्जशीट जारी करने का निर्देश दिया। रॉबर्ट्सगंज ब्लॉक के सचिव नरेश सिंह के छह में से केवल एक शौचालय पूर्ण है। उसकी भी जिओ टैग नहीं कराई गई है।
चतरा ब्लॉक की सचिव शिल्पा सिंह अनुपस्थित रहीं। उनकी खराब प्रगति पर डीएम ने उन्हें निलंबित करने का निर्देश दिया। उनके ग्राम पंचायतों में पांच में से चार सामुदायिक शौचालय छत स्तर तक ही हैं। नगवां ब्लॉक के सचिव हरिओम सिंह के पांच सामुदायिक शौचालय में एक भी पूर्ण नहीं हैं।
चतरा ब्लॉक के सचिव अरुण चौधरी के चार सामुदायिक शौचालय में एक भी पूर्ण नहीं मिले। विनीत कुमार के तीन शौचालय की प्रगति शून्य है। नगवां ब्लॉक के सचिव अब्दुल रहमान के दो ग्राम पंचायतों में से एक भी शौचालय पूर्ण नहीं मिला। डीएम ने निर्देश दिया कि यदि 15 दिन में कार्य पूर्ण नही होता है तो उन्हें निलंबित कर दिया जाय।
चतरा में अमरेश चंद्र, रोहित सिंह, जगदीश, नगवां से रामवृक्ष, घोरावल के सचिव कीर्ति, हेमंत कुमार शुक्ला, कोन के सचिव गुड्डू गुप्ता, वीरेंद्र प्रताप, राबर्ट्सगंज की सचिव प्रीती पाठक, राकेश द्विवेदी, संजय सिंह, अश्वनी श्रीवास्तव, करमा के सचिव राहुल सिंह, चोपन के सचिव दीपक पांडे के ग्राम पंचायतों में भी सामुदायिक शौचालय निर्माण का कार्य अत्यंत असंतोषजनक होने पर डीएम ने नाराजगी व्यक्त किया।
उन्होंने निर्देश दिया कि 15 दिन में अगर सामुदायिक शौचालय का कार्य पूर्ण नहीं किया जाता है तो कार्रवाई की जाएगी। एडीओ पंचायत करमा पर नाराजगी व्यक्त किया और निर्देश दिया कि खुद गांव में जाकर सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराएं एवं पर्यवेक्षण करें। बैठक में सभी एडीओ पंचायतों को भी कार्रवाई की चेतावनी दिया। बैठक में डीपीआरओ विशाल सिंह, एडीओ पंचायत रॉबर्ट्सगंज, करमा, घोरावल, चतरा, नगवां, चोपन, कोन, डीपीसी अनिल केशरी, किरन सिंह उपस्थित रहे।