सावन माह में काशी विश्वनाथ मंदिर में मारपीट की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। शुक्रवार को भी बाबा के गर्भगृह में सुरक्षाकर्मी और सफाई पर्यवेक्षक आपस में भिड़ गए। श्रद्धालुओं से भरे मंदिर में हुए बवाल के बाद सुरक्षाकर्मी लामबंद हो गए।
मनबढ़ सफाई पर्यवेक्षक ने सफाई के दौरान स्टैंडिंग ऑर्डर प्रोशिजर (एसओपी) को फेंक दिया। इस पर दोनों तरफ से खूब गाली-गलौज हुई। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद मामला शांत हुआ।
शुक्रवार को दोपहर में गर्भगृह की सफाई करने पहुंचे सफाई पर्यवेक्षक ने ज्ञानवापी सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण आदेशों की कापी को फेंक दिया। सुरक्षाकर्मियों ने जब उसे रोकने का प्रयास किया तो उसने उनकी बातों को अनसुना कर दिया। सुरक्षाकर्मी उसके व्यवहार से क्षुब्ध हो गए और मामला गरम हो गया। दोनों तरफ से बाबा के गर्भगृह में ही गालियों की बौछार शुरू हो गई।
सुरक्षाकर्मियों और सफाई पर्यवेक्षक के बीच चल रहे विवाद को देखकर श्रद्धालु भी भौंचक रह गए। मामला बढ़ता हुआ देखकर अधिकारियों ने हस्तक्षेप किया। लामबंद होकर सभी सुरक्षाकर्मी मुख्यकार्यपालक अधिकारी के कार्यालय में शिकायत करने पहुंचे।
मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने सुरक्षाकर्मियों को समझा बुझाकर वापस भेज दिया। सफाई पर्यवेक्षक के खिलाफ पहले भी दुर्व्यवहार की कई शिकायतें आ चुकी हैं।