रिटायर्ड रेल कर्मी से 23 लाख और दो व्यापारियों से 34 लाख रुपये की ठगी
मनी लॉन्ड्रिंग में फंसाने की धमकी और न्यायालय में पेशी का डर दिखाकर रिटायर्ड रेलकर्मी रघुनंदन प्रसाद को साइबर जालसाजों ने 24 घंटे तक डिजिटल अरेस्ट रखा और 23 लाख रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित के बेटे और अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. चंदन किशाोर ने बुधवार को सिगरा थाने में साइबर ठगी की प्राथमिकी दर्ज कराई है। सिगरा पुलिस ने साइबर क्राइम थाने के विशेषज्ञों से संपर्क किया। वहीं, जंसा और बड़ागांव थाना क्षेत्र के 2 व्यापारियों से ट्रेडिंग और गेमिंग प्लेटफॉर्म के नाम पर 34 लाख की ठगी हुई।
सिगरा के चंदुआ छित्तूपुर मेडिकल कॉलोनी निवासी चिकित्सक डॉ. चंदन किशोर ने पुलिस को बताया कि पिता रघुनंदन प्रसाद रेलवे से रिटायर हैं। 25 दिसंबर को एक व्यक्ति ने फोन किया और कहा कि उनके मोबाइल नंबर का इस्तेमाल मनी लॉन्ड्रिंग में किया गया है।
मामले में प्राथमिकी दर्ज कराने और न्यायालय में ऑनलाइन पेशी का डर दिखाया। कहा गया कि सिक्योरिटी मनी के रूप में अलग-अलग बैंक खातों के रुपये एक खाते में रखें। ठगों ने उन्हें 24 घंटे तक डिजिटल अरेस्ट में रखा। दबाव में आए पिता ने 26 दिसंबर को लहरतारा स्थित बैंक की शाखा से 23 लाख रुपये आरटीजीएस के माध्यम से गुवाहटी के यस बैंक के खाते में भेज दिया। ठगी की सूचना परिवार को दी।
ट्रेडिंग और गेमिंग प्लेटफाॅर्म के नाम पर ठगी में दंपती सहित पांच पर प्राथमिकी
ट्रेडिंग और गेमिंग प्लेटफाॅर्म के नाम पर दो व्यापारियों से 34 लाख रुपये की ठगी की गई है। मामले में भदोही के महाराजगंज निवासी बाबा प्रजापति, उसकी पत्नी पूनम और बेटे जयेश प्रजापति, महाराष्ट्र के ठाणे स्थित प्रगति नगर के वेद शाॅपिंग सेंटर निवासी सुरेश गुप्ता और सूरज यादव के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
जंसा थाना क्षेत्र के चौखंडी भाऊपुर निवासी पीड़ित संजय कुमार पटेल ने पुलिस को बताया कि उसकी भाऊपुर बाजार में मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान है। बाबा प्रजापति समेत अन्य आरोपी दुकान पर आवाजाही करते थे। आरोपियों ने बताया कि ट्रेडिंग की कंपनी और वेबसाइट चलाते हैं। अच्छा मुनाफा होता है। यदि कुछ निवेश करते हैं तो आपका जितना पैसा वेबसाइट के पास पड़ा रहेगा, उसका 6 प्रतिशत महीने की दर से मुनाफा मिलेगा।
मूलधन सुरक्षित रहेगा। जब चाहे मूलधन वापस लिया जा सकता है। लालच में ही 20 जून 2023 से 9 दिसंबर 2025 के बीच बाबा शंभू प्रजापति, पूनम बाबा प्रजापति, जयेश प्रजापति, केडी इंटरप्राइजेज, केपी इंटरप्राइजेज, संध्या क्रिएशन, स्पी टेक्नोलाॅजी, सांई इंफ्रा, ट्रांस इंफ्रा के बैंक खातों में 17 रुपये भेज दिए। इसी तरह परिचित व बड़ागांव के अहरक जमालपुर निवासी सुजीत कुमार सिंह से भी 17 लाख रुपये संंबंधित खाते में जमा करवा दिए।
लोगों में जागरुकता बढ़ी है, लेकिन लालच में आकर और घर बैठे अमीर बनने की चाह भारी पड़ रही है। साइबर ठगी के 24 घंटे में साइबर थाने व साइबर सेल या हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं। - विदुष सक्सेना, एसीपी साइबर