सोनभद्र में हुए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के खाते से 92 लाख 10 हजार रुपये के साइबर अपराध की जांच मिर्जापुर की साइबर सेल के साथ ही लखनऊ से आ रही एसआईटी की टीम भी करेगी। जिले के साइबर सेल की टीम ने जांच शुरू कर दी है। जल्द ही सोनभद्र जाकर मुकदमा दर्ज कराने वाले और एनएचएम को देख रहे अन्य लिपिक और कर्मचारियों से बात कर पड़ताल करेगी।
साइबर अपराधियों ने सोनभद्र जिले के राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के चार खातों से 92 लाख 10 हजार रुपये उड़ा दिए। ये रुपये एक-दो दिन में नहीं बल्कि तीन महीने में निकाले गए। स्वास्थ्य विभाग को जब जानकारी हुई तो हड़कंप मच गया। मिर्जापुर जिले के साइबर क्राइम पुलिस ने इस मामले में दो दिन पहले मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
साइबर अपराधियों ने कुल 20 खातों में 71 बार में लेनदेन किया है। विभागीय कर्मियों को मानदेय देने, तमाम योजनाओं में खर्च के लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कुल चार अलग-अलग खाते हैं। सोनभद्र के अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. वीके अग्रवाल ने बताया कि 25 जनवरी को एनएचएम के लेखाकार तौहिद आलम बीआरएस निकाल रहे थे। उसी समय पता चला कि तीन लेनदेन ऐसे हुए हैं जो विभागीय मद में नहीं हैं। पड़ताल करने पर पता चला कि 16 अक्तूबर से लेकर 20 जनवरी के बीच कुल 71 बार में 92 लाख 10 हजार रुपये निकल गए हैं।
मामले की जांच कर रहे साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक संजीव कुमार यादव ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। डिजिटल साइन से पैसे को दूसरे खाते में डाला गया है। जल्द ही सोनभद्र जाकर एनएचएम को देखने वाले प्रभारी, लिपिक व अन्य से पूछताछ की जाएगी कि कैसे और किसने पैसा निकला। मामले की जांच के लिए लखनऊ से एसआईटी भी आ रही है।