मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के काशी आगमन पर अभेद सुरक्षा का दम भरने वाले जिला प्रशासन की हवा बीएचयू के चंद छात्रों ने मिनटों में ही निकाल दी। सीएम के बीएचयू पहुंचने से पहले शिक्षा की राजधानी कहे जाने वाले काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में छात्र गुटों में गोली चलने के बाद मारपीट हुई।
दोनों ओर से घायल तीन छात्रों को गंभीर हाल में ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है। दूसरी ओर इस घटना के संबंध में बीएचयू के साथ स्थानीय पुलिस कुछ भी कहने को तैयार नहीं है। बीएचयू में पढने वाला सेकेंड इयर का छात्र मंयक सामने घाट स्थित महेश नगर में किराये पर रह कर पढ़ाई करता है।
शुक्रवार की रात में मंयक के दोस्त को बाइक दुघर्टना में चोट लग गई थी। सूचना मिलने के बाद मयंक मौके पर पहुंचा और घायल को ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया। इसके बाद वह दोस्तों के साथ उनके हॉस्टल चला गया। वह कमरे में गया उसके दोस्त बाहर रह गए।
भारतेन्दू छात्रावास के बाहर कुछ लड़के शोर कर रहे थे। शोर सुनकर जब मयंक बाहर आया तो उसे गोली मार दी। गोली मयंक के दाहिने जांघ में लगी और वह गिरकर गिरा। इस दौरान हास्टल से से भाग रहे हमलावरों को अन्य छात्रों ने पकड़ लिया और दो को पीट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया।
सूचना पाकर मौके पर पहुंचे प्राक्टर और लंका पुलिस ने मयंक के साथ घायल आरोपियों को इलाज के लिए ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया। मयंक ने बताया कि गोली राजन सिंह राठौर और उसके दो साथियों ने मारी है। इस मामले में चार नामजद राजन सिंह,शुभम यादव,शिबू सिंह,अतुल जयसवाल पता अज्ञात सहित चार से पाच अज्ञात छात्रों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
पुरानी रंजिश बनी घटना का कारण
मूल रूप से बेगुसराय बिहार निवासी मयंक महेशनगर में किराए का कमरा लेकर रहता है। शुक्रवार रात वह अपने दोस्तों के साथ भारतेन्दू छात्रावास में था। इस दौरान राजन सिंह राठौर से उसकी फोन पर कहासुनी हुई। कुछ देर में ही राजन दर्जन भर लड़कों के साथ हास्टल पहुंचा और मयंक को गोली मार दी। इस मामले में जहां बीएचयू और लंका पुलिस कुछ भी कहने को तैयार नहीं है वहीं, कालेज से जुड़े सूत्रों का कहना है कि मयंक को पुरानी रंजिश में गोली मारी गई है। आरोपी छात्रों से पहले भी उसका विवाद हो चुका है।