हिमाचल के मंडी जिले में बीते 12 अगस्त को हुए हादसे में मऊ के 12 लोगों की मौत हो गई थी। उन सभी का अंतिम संस्कार परिवार के सदस्यों ने बुधवार को मौके पर जाकर कर दिया। इस हादसे के दंश से परिवार के लोग अभी भी उबर नहीं पाए हैं।
इस दौरान पुत्र शोक से आहत मृत राणा प्रताप की मां सिंगारी देवी की हालत मंगलवार को अचानक बिगड़ गई। इस दौरान उन्हें मऊ सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। दूसरी तरफ शोक संवेदना का ताता लगा रहा।
15 अगस्त को ध्वजारोहण के बाद मऊ के डीएम ऋषिरेंद्र सहित अन्य ने दो मिनट का मौन रखकर हादसे में मृतकों के प्रति शोक प्रकट किया। बीते छह अगस्त को घर से मां वैष्णों देवी धाम दर्शन करने के लिए निकले दो परिवारों के 12 लोगों की हिमाचल में चट्टान सरकने की घटना में मौत हो गई।
इस घटना की जानकारी मृतकों के परिवारीजन को सोमवार की सुबह हुई। मौत की पुष्टि होने पर मानों दोनों परिवारों पर ब्रजपात हो गया हो। दोनों परिवारों की खुशियां छीन गई। सूचना के बाद घटनास्थल पर रवाना हुए परिवारीजन ने मृतकों के शव का अंतिम संस्कार हिमाचल के मंडी जिले में कर दिया।
राणा प्रताप सहित मरे परिवार के सदस्यों का अंतिम संस्कार उदय सिंह ने किया। बताया जाता है कि शव काफी बिगड़ चुका था, इसके चलते उसे घर तक लाना संभव नहीं था। जबकि मृत राणा प्रताप के भाई रविप्रकाश सिंह की इच्छा थी, किसी भी तरह से उनके बच्चों का शव घर तक जरूर आए।
हिमाचल में शव का अंतिम संस्कार होने की जानकारी होने पर राणा प्रताप की मां सिंगारी देवी की हालत अचानक बिगड़ गई। इस दौरान परिवार के सदस्यों ने उन्हें मंगलवार को सदर अस्पताल में भर्ती कराया।
बुधवार को हालत में सुधार होने पर उन्हे घर ले जाया गया। बुधवार को भी राणा प्रताप के घर से करुण क्रंदन गूंज रहा था। साथ ही सांत्वना देने वालों के आने जाने का सिलसिला बरकरार था। दूसरी तरफ हादसे में मरे सूर्यदेव उर्फ प्रिंस के साथ उसकी बहन रिंकी के पति ने प्रिंस सहित अन्य सभी के शव का अंतिम संस्कार बुधवार को किया।