इसके लिए अलग से रजिस्टर बनाने को कहा गया है। साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने, अस्पताल आने वाले मरीजों को नियमित साबुन से हाथ धुलाने और अस्पताल में जगह-जगह सेनेटाइजर रखने को भी कहा गया है।
सीएमओ ने बताया कि निजी अस्पतालों के सदस्यों को इंफेक्शन प्रिवेंशन प्रोटोकॉल का प्रशिक्षण दिया जा चुका है और इसके पालन के निर्देश दिए गए हैं। अगर कोई संदिग्ध व्यक्ति मिलता है तो उसे अलग बने कोविड वार्ड में भर्ती किया जाएगा।
इन मरीजों के लिए अलग ऑपरेशन थिएटर भी तैयार करना होगा, जिसमें काम करने वाले डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ को पीपीई किट सहित अन्य सुरक्षा उपायों का पालन करना होगा।