प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ वाराणसी से चुनाव लड़ने वाले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अजय राय ने कहा कि पूरा देश कोरोना महामारी से परेशान है और सत्ता में बैठे हुए लोग राजनीतिक उत्सवों में व्यस्त हैं। 144 करोड़ की आभासी रैली के बाद अब भाजपा 10 करोड़ लोगों को चिट्ठी भेजेगी। लाजिमी है इस पर भी न्यूनतम सौ करोड़ रुपये का व्यय होगा।
गुरुवार को वाराणसी के पराड़कर भवन में आयोजित पत्रकारवार्ता में पूर्व मंत्री ने कहा कि सच यही है कि केंद्र व प्रदेश सरकार ने लोगों को पूरी तरह से उनके हाल पर छोड़ दिया है। सत्तासीन दल ने चुनावी राज्यों में वर्चुअल रैली और राज्यसभा चुनावों की राजनीति के लिए लॉकडाउन हटा लिया है जो कि निंदनीय है।
कोरोना से बढ़ते मौत के आंकड़ों के साथ व्यापारी वर्ग में भय, प्रवासी कामगारों की गंभीर स्थितियां और प्रदेश में आत्महत्या एवं हत्या की वारदातों से हर वर्ग डरा हुआ है। इस कठिन परिस्थिति में उसकी चुनावी आभासी रैलियां वैसे ही हैं जैसे जलते रोम में नीरो की बंशी। काशी मेंं असल गंगा पुत्र माझी समाज और माली समाज आर्थिक तंगी से गुजर रहा है।
कांग्रेस नेता ने कहा कि अपनी जवाबदेही की जगह सरकार विपक्ष को ही कह रही है कि उसने क्या किया। अपने घर पैदल लौट रहे प्रवासी मजदूरों की मदद करने के मामले में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू को जेल में डाल दिया गया है। अन्याय के खिलाफ हमारा सत्याग्रही विरोध जारी रहेगा।