भेलूपुर इंस्पेक्टर सुधीर कुमार त्रिपाठी की टीम ने आरोपी मुरारीलाल को सीरगोवर्धन क्षेत्र से गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकारा कि वह पहले भी और बच्चों के साथ इस तरह का घिनौना कृत्य कर चुका है।
साल 2020 से अब तक लगभग 500 से ज्यादा बच्चों को निशाना बनाया। साल 2021 में बीएचयू केंद्रीय विद्यालय में बच्चों का एडमिशन कराने के बहाने अप्राकृतिक दुष्कर्म मामले में लंका पुलिस ने आरोपी को जेल भिजवाया था।
एसीपी भेलूपुर ने बताया कि आरोपी के साथ परिवार का कोई साथ नहीं रहता है। उसकी गलत हरकतों के चलते पत्नी ने कोविड काल से पहले ही तलाक ले लिया था। आरोपी के खिलाफ पॉक्सो समेत अन्य आरोपों में लंका और भेलूपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज है।
भेलूपुर इंस्पेक्टर सुधीर कुमार त्रिपाठी ने बताया कि आरोपी सिर्फ किशोरों को निशाना बनाता था। चूंकि किशोर किसी से कुछ कहते नहीं थे और तभी से इसका मन बढ़ा था।
पुलिस के सामने घुटने के बल गिर कर बोला अब जीने की इच्छा नहीं
पुलिस गिरफ्त में आने के बाद मीडिया के सामने पेश होने के दौरान आरोपी मुरारीलाल घुटने के बल गिर गया। पुलिस के सामने हाथ जोड़कर रोते हुए माफी मांगी। पुलिसकर्मियों से कहा कि अब जीने की इच्छा नहीं है। अपने किए पर पछतावा है।