मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बनारस की सड़कों को दुरुस्त करने के लिए लोक निर्माण विभाग को 20 दिनों की मोहलत दी है। समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने लोकनिर्माण विभाग के अधिकारियों से कहा कि बरसात से पहले शहर की सड़कें दुरुस्त दिखनी चाहिए।
लोक निर्माण विभाग, नगर निगम, जिला पंचायत एवं मंडी परिषद को यद्धस्तर पर अभियान चलाकर काम कराए जाने का निर्देश दिया। सड़कों के निर्माण कार्य में गुणवत्ता बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होने कहा कि कार्य की गुणवत्ता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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वाराणसी सेंट्रल जेल में क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद की प्रतिमा का सीएम योगी ने किया अनावरण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को मंडलायुक्त सभागार में वाराणसी के विकास कार्य और कानून व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने पेयजल परियोजनाओं की धीमी प्रगति और बार-बार निर्देश के बावजूद संतोषजनक सुधार नहीं होने पर विभागीय कार्य क्षमता पर संदेह जताया।
उन्होंने अधिकारियों को कार्य संस्कृति बदलने की नसीहत और समयसीमा में मानकों के अनुरूप काम पूरा करने की हिदायत दी। मुख्यमंत्री ने जाति, आय और मूल आवास प्रमाण पत्रों को तीन दिन में निस्तारित करने का निर्देेश दिया। उन्होंने थाना स्तर के पुलिसकर्मियों और राजस्व विभाग के लेखपालों के अवैध वसूली की शिकायत का जिक्र किया और कहा ऐसे कर्मचारियों को चिह्नित कर बर्खास्त किया जाए।
उन्होंने विश्वनाथ कॉरिडोर को काशी के अतीत से जोड़ने और विरासतों को सहेजने का निर्देश दिया। अधिकारियों से कहा कि इस परियोजना में स्थानीय और प्रबुद्ध जनता का सहयोग लिया जाए। विकास कार्य के दौरान मंदिर या विग्रह के साथ छेड़छाड़ नहीं हो। समीक्षा बैठक में सीएम को बताया गया कि 30 जून 2018 तक 16 परियोजनाएं पूरी हो जाएंगी।
इसमें रिंग रोड 1, बाबतपुर वाराणसी फोरलेन, आईपीडीएस, कबीरचौरा हेरिटेज वाक सहित अन्य काम हैं। इसके बाद 31 दिसंबर 2018 तक 24 कामों को पूरा करने की बात मुख्यमंत्री को बताई। इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को फटकारते हुए कहा, आप लोगों की लापरवाही से काम समय पर पूरे नहीं होते। हर काम का लक्ष्य तय करके उसे समयसीमा में पूरा कराया जाए।
छह माह पहले मुख्यमंत्री के भ्रमण की गई परियोजनाओं के पूरा होने की जानकारी दी गई। बैठक में सेतु निगम से संबंधित हादसे का जिक्र किए बिना मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्य की समयबद्धता और सुरक्षा मानकों को लेकर जमकर नाराजगी जताई।
शहर में भारी वाहनों के प्रवेश और चौराहों पर वसूली को लेकर नाराजगी जताई। इससे पहले मुख्यमंत्री ने सुबह सेंट्रल जेल में क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद की प्रतिमा का अनावरण और विकास प्राधिकरण के दर्पण एप का शुभारंभ किया। दोपहर तीन बजे मुख्यमंत्री वाराणसी से रवाना हो गए।