कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण के लिए मुख्यमंत्री ने गांव में जांच पर विशेष जोर देने के साथ ही शहर में सुविधाओं की नियमित मॉनिटरिंग करते रहने को कहा है। इसके अलावा अधिक से अधिक लोगों में मेडिसिन किट का वितरण कराए जाने का भी निर्देश दिया है। मेडिसिन किट वितरण में लापरवाही रोकने के लिए अब सेक्टर मजिस्ट्रेट की तैनाती होगी।
वाराणसी दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रात में सर्किट हाउस में मंडलीय समीक्षा बैठक में अधिकारियों को अधिक से अधिक गांवों में जांच कराने का निर्देश दिया है। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश स्तर पर बनी टीम 9 के अधिकारियों के साथ भी बैठक की।
इसमें बताया कि जून से वैक्सिन की उपलब्धता भी बढ़ जाएगी। हर वैक्सीन सेंटर को कॉल सेंटर से जोड़कर वहां उतने ही लोगों को बुलाया जाएगा, जितने लोगों को वैक्सीन लगाई जानी है। अस्पतालों में भी कोविड के साथ पोस्ट कोविड वार्ड और महिलाओं, बच्चों के लिए हर जिले में अस्पताल बनाए जाएंगे।
समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बनारस के साथ-साथ जौनपुर, गाजीपुर चंदौली की भी समीक्षा की। इस दौरान चंदौली में केवल 18800 लोगों के मेडिसिन किट वितरण पर सवाल खड़ा हुआ तो तेजी लाने का निर्देश दिया। कहा कि निगरानी समिति जिनको मेडिसिन किट उपलब्ध करा रही है, उसका सत्यापन कोविड कंट्रोल सेंटर से कराया जाए और सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात कर उसकी निगरानी कराई जाएगी। इसके अलावा गाजीपुर में 10 वेंटिलेटर के क्रियाशील ना होने पर उसे तत्काल क्रियाशील कराए जाने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 25 मई को मिर्जापुर। में आएंगे। उनका यह दौरा 2 घंटे 35 मिनट का होगा। मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर पुलिस लाइन के हेलिपैड पर सुबह 10 बजकर 25 मिनट पर उतरेगा। इसके बाद वह इंटीग्रेटेड कोविड कंट्रोल सेंटर जाएंगे। वहां निरीक्षण करने के बाद आयुक्त कार्यालय के सभागार में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे।
विंध्याचल मंडल के अन्य जिलों के अधिकारी वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से इस बैठक में शामिल होंगे। दोपहर 12 बजे मुख्यमंत्री मीडिया से मिलेंगे और उसके बाद सिटी ब्लॉक के किसी गांव का निरीक्षण करेंगे। उम्मीद है कि गांव भ्रमण के दौरान वह किसी कोरोना संक्रमित के अभिभावक से भी बात कर सकते हैं। इसके बाद दोपहर एक बजे वह पुलिस लाइन स्थित हेलिपैड से लौट जाएंगे।