दो दिवसीय वाराणसी प्रवास पर आ रहे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पिछड़ी परियोजनाओं की हकीकत देखेंगे। सड़क, पुल और पार्किंग की परियोजनाओं की मौके पर ही समीक्षा करेंगे। माना जा रहा है कि जनता की सहूलियत से जुड़ी परियोजनाओं की लेटलतीफी पर सीएम ने सख्त रुख अख्तियार किया है। उधर, सीएम के आगमन से पहले परियोजनाओं पर मजदूरों की संख्या बढ़ाकर काम की गति तेज करने की कोशिश की जा रही है। आइए सीएम के निरीक्षण वाली परियोजनाओं पर एक नजर डालते हैं।
कालिका धाम सेतु की रफ्तार धीमी
मिर्जापुर और भदोही को वाराणसी से जोड़ने वाले कालिका धाम सेतु का काम किसानों के मुआवजे पर सहमति नहीं बनने से धीमा है। 24 करोड़ की लागत से बन रहे पुल का 75 फीसदी काम पूरा कर लिया गया है। सड़क से जुड़ाव के लिए जमीन अधिग्रहीत की जानी है। इस पुल के बनने से भदोही व मिर्जापुर के लोगों को बाबतपुर एयरपोर्ट पहुंचने के लिए 20 किमी की दूरी कम हो जाएगी।
पार्किंग से सैलानियों को होगी सहूलियत
375 वाहनों की पार्किंग वाले गोदौलिया मल्टीलेवल पार्किंग काम पूरा कर लिया गया है। 21.17 करोड़ की लागत से बने पार्किंग से गोदौलिया, दशाश्वमेध और काशी विश्वनाथ धाम जाने वाले सैलानियों को सहूूलियत हो जाएगी। इस काम को मार्च 2021 में पूरा किया जाना था, मगर कोरोना संक्रमण के चलते काम में देरी हुई। उधर, बेनियाबाग पार्किंग का काम 50 फीसदी तक पूरा कर लिया गया है। यहां 470 चार पहिया और 130 दो पहिया वाहन खड़े हो सकेंगे। पार्क में फुटबॉल ग्राउंड, एम्यूजमेंट एरिया, ओपन जिम, योग गार्डन आदि भी तैयार किया जाएगा।
नवंबर तक पूरा होगा काशी विश्वनाथ धाम
लाखों शिव भक्तों की आस्था के केंद्र काशी विश्वनाथ धाम का 55 फीसदी काम पूरा कर लिया गया है। 430 करोड़ की लागत से बन रहे भव्य दरबार में घाट से मंदिर के बीच गलियारा बनाया जा रहा है। उम्मीद जताई जा रही है कि सावन से पहले धाम में हजारों भक्तों के लिए चबूतरा तैयार कर लिया जाएगा। परियोजना को नवंबर 2021 तक पूरा किया जाना है।