वाराणसी। जमीन विवाद के मामले में विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण अविनाश नारायण पांडेय की अदालत ने दो लोगों को दोषी ठहराते हुए दस साल की कैद और 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश ने फैसला सुनाते हुए कहा कि दोनों दोषियों ने ही कमल प्रकाश पर फायरिंग की़।
एडीजीसी रोहित मौर्य व अपर्णा पाठक और सीबीसीआईडी के एसपीओ सुशील कुमार के मुताबिक लंका थाना के डाफी निवासी निर्मल प्रकाश के बड़े भाई कमल प्रकाश उर्फ पप्पू की जमीन विवाद में शिव सरदार और उसके दामाद पवन से रंजिश थी। आरोप है कि 17 नवंबर 2003 को निर्मल अपने भाई कमल को बाइक पर बैठाकर शहर जा रहा था। वह जैसे ही डाफी बाईपास पुलिया के पास पहुंचा तभी बाइक से दोनों ने उन्हें रोक लिया और फायरिंग की। जान बचाने के लिए वह भागा तो शिव सरदार ने कमल प्रकाश को दौड़ाकर पीठ में गोली मार दी। शोर मचाने पर दोनों आरोपी भाग गए और राहगीरों की मदद से घायल को हेरिटेज हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। मामले की जांच 24 जनवरी 2004 को सीबीसीआईडी को प्रदेश सरकार ने सौंप दी। सात जुलाई 2004 को दोनों अभियुक्तों के खिलाफ अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया गया। अभियोजन ने विचारण के दौरान छह गवाह पेश किया।