वाराणसी के महमूरगंज स्थित विराट ऐश्वर्या अपार्टमेंट की छठीं मंजिल के फ्लैट में आग लगने से हुई किशोर की मौत के बाद अग्निशमन विभाग ने सख्त रुख अख्तियार किया है। आग से सुरक्षा के पर्याप्त उपाय न होने पर मुख्य अग्निशमन अधिकारी की तहरीर पर बुधवार को सिगरा थाने में विराट ऐश्वर्या अपार्टमेंट के मालिक और प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। अग्निशमन विभाग के अनुसार बहुमंजिला इमारतों में आग से सुरक्षा के उपाय न होने पर मुकदमा दर्ज कराने की जिले में यह पहली कार्रवाई है।
मसालों के आढ़ती संजीव तुलस्यान के फ्लैट में मंगलवार की शाम आग लग गई थी। आग लगने के कारण फ्लैट के एक कमरे में सो रहे उनके इकलौते बेटे ध्रुव (15) और पालतू कुत्ते की दम घुटने से मौत हो गई थी। वहीं, संजीव की बेटी मान्या (9) को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। इस दौरान लाखों रुपये का कीमती सामान, नगदी और जेवर राख हो गए थे। आग बुझाने में दमकल की सात गाड़ियों को एक घंटे का समय लगा था।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी राकेश राय ने बताया कि विराट ऐश्वर्या अपार्टमेंट के मालिक और प्रबंधक को 2017 में दो बार नोटिस देकर आगाह किया गया था कि आग से सुरक्षा के पर्याप्त उपाय करें। इसके बावजूद घोर लापरवाही बरती गई। यदि आग से सुरक्षा के पर्याप्त उपाय होते तो शायद बच्चे की जान बचाई जा सकती थी।
अग्निशमन विभाग की नोटिस के बावजूद सुरक्षा के उपाय न करने के आरोप में सिगरा थाने में विराट ऐश्वर्या अपार्टमेंट के मालिक और प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा कर पुलिस से ठोस कार्रवाई की मांग की गई है।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि बार-बार नोटिस देने के बावजूद बहुमंजिला इमारतों में आग से सुरक्षा के पर्याप्त उपाय नहीं किए जा रहे हैं। इस लापरवाही को अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस हफ्ते में शहर की 22 बहुमंजिला इमारतों के मालिकों और प्रबंधकों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धाराओें के तहत मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी के अनुसार बहुमंजिला इमारतों में आग से सुरक्षा के उपाय के मद्देनजर 1620 लीटर प्रति मिनट की क्षमता से पानी देने वाला फायर पंप होना चाहिए। इसके अलावा 10 हजार लीटर क्षमता का पानी टैंक, राइजर, होजरील और एग्जिट साइनेज होना चाहिए। इन संसाधनोें के आधार पर मौका मुआयना कर अग्निशमन विभाग की ओर से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट जारी किया जाता है।
ध्रुव को श्रद्धांजलि देने के लिए शिवाजी नगर पार्क में शोकसभा आयोजित की गई। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी की प्रदेश सचिव श्वेता राय ने कहा कि अपार्टमेंट में आग से सुरक्षा के उपाय न होने के कारण राहत और बचाव कार्य में लगे लोग असहाय नजर आए।
श्वेता राय ने जिला प्रशासन से मांग की है कि शहर में जितने भी अपार्टमेंट हैं वहां आग से सुरक्षा के पर्याप्त उपाय सुनिश्चित कराने के लिए अभियान चला कर कार्रवाई की जाए। साथ ही, दमकल विभाग को अत्याधुनिक उपकरणों से लैस कर कर्मियों को उच्चस्तरीय प्रशिक्षण दिया जाए।
आखिर कौन था मान्या को बचाने वाला
फ्लैट में आग लगने के कारण जान गंवाने वाले कक्षा 10 के छात्र ध्रुव का अंतिम संस्कार बुधवार को मणिकर्णिका घाट पर हुआ। ध्रुव को मुखाग्नि उसके पिता संजीव तुलस्यान ने दी। इकलौते बेटे की मौत से संजीव का बिलखना देख घाट पर मौजूद उनके करीबियों और परिजनों की आंखें डबडबा आई।
उधर, संजीव के घर के साथ ही अपार्टमेंट के अन्य फ्लैटों में सन्नाटा पसरा रहा। संजीव की पत्नी शोभा के आंखों से आंसुओं की धार रुकने का नाम नहीं ले रही थी। परिवार और रिश्तेदारी की महिलाएं शोभा को ढांढस बंधाने में जुटी हुई थी लेकिन वो अपने बेटे को याद कर रोये ही जा रही थी।
वहीं, मासूम मान्या भी अपने भाई को याद कर गुमसुम बैठी हुई थी। ध्रुव की मौत से क्षेत्रीय लोग भी खासे दुखी दिखे और कुछेक दुकानें बंद रहीं। सुबह से ही महमूरगंज क्षेत्र की चाय-पान की दुकानों पर संजीव के घर लगी आग और ध्रुव की मौत चर्चा का विषय रही।
आखिर कौन था मान्या को बचाने वाला
सोशल मीडिया पर 1:26 मिनट का एक वीडियो बुधवार को वायरल हुआ। वीडियो में एक युवक जान जोखिम में डाल कर अपार्टमेंट के बाहर की ओर से मान्या को निकाल कर दूसरे कमरे में सुरक्षित पहुंचाते हुए देखा गया है। उक्त युवक को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं रहीं। लोगों का कहना था कि कोई उसे जानता नहीं है लेकिन वो फरिश्ता बन कर आया और नन्हीं मान्या को बचाया।