इन लोगों पर विभिन्न धाराओं सहित महामारी अधिनियम के तहत पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत किया है। पुलिस के अनुसार नामजद चारों आरोपी मंगलवार की सुबह साढ़े छह बजे क्षेत्र के पूरा चेता दूबे निवासी जवान कुलदीप मौर्य के पार्थिव शरीर को रोककर धरने पर बैठ गए और घंटों तक चौराहे को जाम रखा।
इससे कई घंटों तक यातायात बाधित रहा। गौरतलब है कि पुंछ के राजौरी सेक्टर में तैनात जवान कुलदीप कुमार की छह सितंबर की सुबह नौ बजे करीब दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। जिनका पार्थिव शरीर मंगलवार को सुबह साढ़े छह बजे कस्बा स्थित थाने चौराहे पर पहुंचा।
जहां परिजनों ने कुलदीप मौर्य को शहीद का दर्जा देनें और परिजनों को एक करोड़ की सहायता राशि व बेटे को नौकरी दिलाने की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। इस संबंध में थाना प्रभारी अखिलेश मिश्रा ने कहा कि कोरोना काल में भीड़ जुटाने और रास्ता जाम करने पर मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
इस संबंध में पूर्व विधायक मनोज सिंह डब्लू का कहना है कि जनहित के मुद्दों को लेकर सड़क पर विरोध जताने पर सत्ता पक्ष के इशारे दुर्भावना से कार्रवाई की जा रही है। इससे भय पैदा किया जा रहा है लेकिन जनता के लिए संघर्ष जारी रहेगा।