बता दें कि प्रतिदिन हजारों लोग लाइसेंस नवीनीकरण, डुप्लीकेट, स्थाई लाइसेंस, पंजीयन, फिटनेस, एनओसी सहित अन्य कामों के लिए संभागीय परिवहन कार्यालय पहुंचते हैं। मगर, दलालों के मजबूत चक्र होने के चलते आम आदमी को काम कराने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है।
टीवी स्क्रीन पर लाइव रहते हैं कैमरे
आरटीओ, एआरटीओ और आरई के सामने टीवी स्क्रीन पर कैमरे लाइव रहते हैं। दो दर्जन से ज्यादा कैमरे हर पटल पर निगरानी करते हैं। मगर, यह महज खानापूर्ति तक ही सीमित रह गया है। पिछले एक साल की बात करें तो इन कैमरों से एक भी दलाल चिह्नित नहीं किए जा सके हैं।
दलालों पर कार्रवाई के लिए अभियान चलाया जाएगा। कार्यालय परिसर में प्रवेश की व्यवस्था सुनिश्चित होगी। कार्रवाई के लिए पुलिस का सहयोग भी मांगा गया है। - सर्वेश कुमार चतुर्वेदी, एआरटीओ