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Indian Railways: रेलवे के माल परिवहन में हाथी, घोड़ा और ऊंट, 20 साल से नहीं हुई बुकिंग; वजह जान लें

Mon, 26 Aug 2024 10:05 AM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

रेलवे के माल परिवहन में हाथी, घोड़ा और ऊंट भी हैं, लेकिन 20 साल से कोई बुकिंग नहीं हुई। अब ट्रेन में केवल कुत्तो के आवाजाही की बुकिंग की जाती है।  
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : Istock
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विस्तार
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ट्रेन से कुत्ता, बिल्ली और पक्षी आवाजाही करते हैं, लेकिन हाथी, घोड़ा, ऊंट की बुकिंग 20 साल से नहीं हुई है। कैंट रेलवे स्टेशन के पार्सल घर के मुख्य पर्यवेक्षक विनोद कुमार यादव के अनुसार, हाथी, घोड़ा और ऊंट की बुकिंग अब कोई नहीं कराता है। महीने में 15 से 20 बुकिंग सिर्फ कुत्ते की होती है। 

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सर्कस बंद होने से बकिंग भी हुई बंद
इसके अलावा खरगोश, बिल्ली की भी गाहे-बगाहे ही बुकिंग आती है। एसी कोच में उन्हें ले जाने की व्यवस्था है। पहले जब सर्कस संचालित होते थे तो जानवरों को ट्रेन से ले जाया जाता था। जब से सर्कस बंद हुए हैं, इनकी बुकिंग भी बंद हो गई है।

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आईआरसीटीसी से करनी होती है ऑनलाइन बुकिंग

कुत्ता, बिल्ली जैसे छोटे जानवरों को ले जाने के इच्छुक यात्री आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर ऑनलाइन बुकिंग करा सकते हैं। यह सुविधा सिर्फ एसी फर्स्ट क्लास में सफर करने वाले को ही मिलती है। नई व्यवस्था के तहत टिकट कंफर्म होने के बाद ही जानवरों की बुकिंग होगी। आईआरसीटीसी की वेबसाइट पार्सल मैनेजमेंट सिस्टम से जुड़ी हुई है।

पार्सल फॉर्म में इन जानवरों का जिक्र
हाथी, घोड़ा, खच्चर, ऊंट, गधा, भेड़, बकरी, कुत्तों के नाम बुकिंग फॉर्म में हैं।
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