मुझे लगता था कि एक महिला होने के नाते आप मेरे दर्द को समझेंगी, लेकिन आपने मेरी किसी चिट्ठी का जवाब तक नहीं दिया, इसके उलट मुख्तार अंसारी को बचाने के लिए लाखों रुपये के वकील सुप्रीम कोर्ट में जरूर खड़े कर दिए। मेरे साथ जो हुआ या जो घटित हो रहा है, वह आपके साथ होता तो आपको मेरे दर्द का एहसास होता। मुझे अपने और अपने परिवार की जान का खतरा महसूस हो रहा है। गौरतलब है कि मुख्तार अंसारी को पंजाब की जेल से यूपी में लाने के लिए विधायक अलका राय प्रियंका को इससे पहले भी दो पत्र लिख चुकी हैं।