बीएचयू ट्रामा सेंटर में खुलने वाले देश के पहले एडवांस केयर एंड रिहैबिलिटेशन सेंटर में इलाज के साथ शिक्षा और शोध की भी सुविधा होगी। इस तरह सेंटर का लाभ मरीजों के साथ ही चिकित्सकों को भी मिलेगा।
स्वास्थ्य मंत्रालय को ट्रामा सेंटर की ओर से रिहैबिलिटेशन सेंटर के लिए कुल 200 करोड़ का प्रस्ताव तैयार कराया गया है। इसमें 200 बेड का सुपर स्पेशिएलिटी भवन भी बनेगा। खास बात यह है कि यहां इलाज के साथ ही पठन-पाठन के साथ शोध और मूल्यांकन की सुविधा रहेगी। डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ को न्यूरो, स्पाइनल इंजरी के इलाज का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। बीएचयू ट्रामा सेंटर के प्रोफेसर इंचार्ज प्रो. सौरभ सिंह ने बताया कि सेंटर के बन जाने के बाद वाराणसी और आसपास के जिलों और बिहार आदि जगहों से आने वाले मरीजों को लाभ मिलेगा।