बीएचयू बवाल से संबंधित सारे मुकदमों की विवेचना क्राइम ब्रांच करेगी। मंगलवार को वाराणसी एसएसपी के निर्देश पर बवाल से जुड़े चारों मुकदमों से संबंधित कागजात क्राइम ब्रांच की विवेचना सेल के प्रभारी निरीक्षक को लंका थानाध्यक्ष ने सुपुर्द कर दिए।
एसएसपी ने एसपी क्राइम की मॉनीटरिंग में विवेचना जल्द पूरी करने के निर्देश दिए हैं।
23 सितंबर की रात बीएचयू परिसर में हुए बवाल के मामले में एक हजार अज्ञात छात्र-छात्राओं के खिलाफ लंका थाने में थानाध्यक्ष की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। इसी संबंध में बीएचयू प्रशासन द्वारा दी गई तहरीर को भी दर्ज मुकदमे में शामिल कर लिया गया है।
वहीं, 22 सितंबर की रात लंका स्थित मालवीय प्रतिमा पर कालिख पोतने के प्रयास सहित अन्य आरोपों में बीएचयू के सुरक्षा अधिकारी की तहरीर पर अज्ञात पर केस दर्ज किया गया है।
तीसरा मुकदमा लंका थाने पर थानाध्यक्ष ने ‘बीएचयू बज’ फेसबुक पेज के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत दर्ज कराया है। आरोप है कि इसके जरिए भड़काऊ वीडियो और तस्वीरें पोस्ट कर माहौल बिगाड़ा गया। एसएसपी रामकृष्ण भारद्वाज ने बताया कि चारों मुकदमों की जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी गई है।
एक हजार अज्ञात छात्र-छात्राओं पर मुकदमा दर्ज किया गया है मगर कार्रवाई सिर्फ उन्हीं के खिलाफ होगी जिन्होंने उपद्रव किया था और इसकी साजिश में शामिल थे। किसी भी निर्दोष छात्र के साथ अन्याय नहीं होगा।
छात्राओं की मांग पर बीएचयू परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए मंगलवार को सीनियर रेडियो अफसर ने मुआयना किया।
एसएसपी ने बताया कि जब तक परिसर में स्थायी तौर पर सीसीटीवी कैमरों की व्यवस्था नहीं हो जाती, पुलिस अपनी ओर से कैमरे लगाएगी।
पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स का चक्रमण बीएचयू परिसर में जारी रहेगा।