जिलाधिकारी ने बताया कि कंट्रोल रूम को कमांड सेंटर से भी जोड़ा जाना था जो अब तक पूर्ण नहीं हो पाया है। कुलपति से दो दिन के भीतर इसे पूरा कराने को कहा गया है, जिससे वार्ड और कैंपस की 24 घंटे कंट्रोल रूम से निगरानी हो सके।
उधर, पीएमओ और सीएमओ ने भी जिला प्रशासन से जानकारी मांगी है। जिलाधिकारी ने बताया कि जिस मरीज का शव सोमवार को मिला है, उसके परिजनों को आर्थिक सहायता दी जाएगी।
बीएचयू के एमएस बोले- मरीज की सेहत में हो रहा था सुधार
बीएचयू अस्पताल के एमएस डॉ. एसके माथुर ने सोमवार देर रात वीडियो के माध्यम से बयान जारी किया। बताया कि 22 अगस्त को इस मरीज ने दोपहर में अपने सगे संबंधियों से बात की। उसकी सेहत में सुधार हो रहा था। चिकित्सकों की योजना थी कि रिपोर्ट नेगेटिव आने पर छुट्टी दे दी जाएगी। दोपहर दो बजे के आसपास मरीज अचानक वार्ड से लापता हो गया।
इसके बाद अस्पताल कर्मियों, सुरक्षाकर्मियों ने बहुत खोजबीन की इमारत के विभिन्न हिस्सों में हर जगह मरीज को खोजा गया। पुलिस को तत्काल सूचना दी गई। एमएस ने बताया कि काफी खोज के बाद सीसीटीवी फुटेज में मरीज के किसी स्थान पर जाने का शक होने पर अस्पताल के बाहर की तरफ पाइप की डक्ट की ओर खोजने की कोशिश की गई। ऐसा प्रतीत होता है कि मरीज ने पाइप से नीचे उतरने की कोशिश की और नीचे गिर गया।
उसका शव नीचे मिला। इसके बाद तत्काल अस्पताल स्टाफ ने शव मोर्चरी पहुंचाया। अस्पताल प्रशासन की ओर से पुलिस को सूचित किया गया। उधर, पीआरओ डॉ. राजेश सिंह ने बताया कि कुछ सोशल मीडिया पर एमएस के इस्तीफे की खबर चल रही है जो बेबुनियाद है।