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यूपी की बेसिक शिक्षा मंत्री बोली, पहले छोटे होमगार्ड जैसे दिखते थे स्कूली बच्चे, अब हो गए स्मार्ट

Tue, 07 Aug 2018 10:44 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
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बच्चों को ड्रेस देती बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री - फोटो : self
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यूपी की बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री अनुपमा जायसवाल ने कहा कि प्रदेश के प्राथमिक विद्यालयों की स्थिति मात्र एक साल में ही बेहतर हो गई है। पहले छोटे-छोटे बच्चे खाकी वर्दी में आते थे जो छोटे होमगार्ड जैसे दिखते थे। भाजपा सरकार बनने के बाद स्कूली ड्रेस में बदलाव कर दिया गया। अब भारत का बचपन उत्तर प्रदेश में सुंदर ड्रेस में स्कूल जाते हुए देखा जा सकता है।
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सोमवार को बनारस में काशी विद्यापीठ ब्लॉक के नरउर प्राथमिक विद्यालय में प्रोजेक्टर के माध्यम से स्मार्ट क्लास की शुरुआत की। इस मौके पर बच्चों को पाठ्य पुस्तक, स्कूल बैग बांटे और पौधरोपण किया। शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 10 शिक्षकों को सम्मानित किया।

मंत्री ने कहा कि हम स्मार्ट कक्षाओं के संचालन के लिए संसाधन उपलब्ध करा रहे हैं। शिक्षकों को भी स्मार्ट बनना चाहिए। ताकि हम बेसिक शिक्षा को खूबसूरत बना सकें। सरकार ने 500 अंग्रेजी माध्यम के स्कूल खोले। भविष्य में इस प्रकार के और स्कूल खोले जाएंगे। रोहनिया विधायक सुरेंद्र सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार ने प्राथमिक शिक्षा में गति व परिवर्तन दोनों लाने का काम किया है।
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शिक्षामित्रों के लिए प्रदेश सरकार ने बनाई है समिति

अनुपमा जायसवाल - फोटो : अमर उजाला
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी जयसिंह ने सरकार की योजनाओं के बारे में बताया। स्वागत खंड शिक्षा अधिकारी विद्यापीठ बृजेश कुमार राय ने किया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर दिल जीत लिया।

मंत्री ने कहा कि शिक्षामित्रों की समस्या के समाधान के लिए प्रदेश सरकार ने समिति गठित कर दी है। समिति की रिपोर्ट के आधार पर शिक्षामित्रों के हक में प्रदेश सरकार बेहतर निर्णय लेगी। पुस्तकों की कमी के सवाल पर कहा कि कुछ खामियां रह गई हैं जिसे दुरुस्त किया जाएगा।

वहीं मंत्री के कार्यक्रम में मिसिरपुर के कृष्णानंद दूबे ने हंगामा किया। शिक्षामंत्री से कहा कि गांव में न तो शिक्षा विभाग के अधिकारी आते हैं और न ही भाजपा के नेता व पदाधिकारी आते हैं। मंत्री ने उन्हें बुलाया। उनका नाम पता और मोबाइल नंबर नोट किया।
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