बागियों की धरती कही जाने वाली बलिया को किसी की नजर लग गई है। महिलाओं और छात्राओं से छेड़खानी व धमकी जैसे मामलों को यूपी पुलिस ने गंभीरता से नहीं लिया तो बलिया में एक बार फिर रागिनी हत्याकांड जैसी वारदात फिर हो सकती है।
जिले के सिकंदरपुर थाना क्षेत्र में ऐसा ही एक मामला सामने आया है, जहां अपनी तीन बेटियों के साथ घर पर अकेली रह रही महिला बेटियों की सुरक्षा को लेकर रात-रात भर सो नहीं पाती है। गांव के ही कुछ दबंग युवक परिवार को परेशान कर रहे हैं।
बेटियों से लगातार छेड़खानी के साथ वे उन्हें धमकी भी देते रहते हैं। जबकि पीड़ित महिला की शिकायत को पुलिस गंभीरता से नहीं ले रही। दबंगों की धमकी से दहशतजदा महिला ने मुख्यमंत्री, आईजी जोन वाराणसी, डीआईजी आजमगढ़ एवं पुलिस अधीक्षक को पत्र भेजकर जानमाल की सुरक्षा की गुहार लगाई है।
यह भी कहा है कि उसके परिवार की सुरक्षा के लिए पुलिस ने कोई कदम नहीं उठाया तो बच्चियों के मान-सम्मान और उनकी रक्षा के लिए आत्महत्या जैसा कदम उठाना उसकी मजबूरी होगी।
क्रिकेट खेलने के बहाने बनाते घर को बनाते निशाना
molestation
सिकंदरपुर थाना क्षेत्र के नवानगर निवासी कमरुन्निसां पत्नी मकसूद अहमद ने सीएम योगी समेत पुलिस के उच्चाधिकारियों को भेजे गए पत्र में कहा है कि वह घर पर अपनी तीन बेटियों और एक छोटे पुत्र के साथ रहती है। पति विदेश में नौकरी करते हैं।
गांव की प्रधान शफरीना पत्नी फरतुल्लाह के पुत्र शेरान फरहत, अदनान फरहत तथा एहसान हसन पुत्र मिस्बाउल्लाह, नेहाल खान पुत्र जमालुद्दीन, सरफराज अंसारी पुत्र शब्बीर अंसारी, खुर्शीद हाशमी पुत्र इकबाल, रियाजुद्दीन अंसारी पुत्र शंभू अंसारी आदि उसकी पुत्रियों से बदतमीजी व छेड़खानी करते हैं। साथ ही भद्दी-भद्दी गाली देते हुए जान से मारने की धमकी भी देते रहते हैं।
पीड़िता ने आरोप लगाया है कि घर के सामने खाली स्थान पर क्रिकेट खेलते हुए युवक जानबूझ कर गेंद उसके घर में मारते हैं फिर बिना कुछ बोले घर के अंदर घुस जाते हैं। विरोध पर मेरे परिवार को गांव से निकालने की धमकी दी जाती है।
घर के बाहर मैदान में युवक रात के 10 बजे तक अश्लील हरकतें करते हैं। शिकायत करने पर उनके परिवारवाले उन्हें समझाने के बजाय और उकसाते ही हैं। पीड़िता ने कहा कि इस बारे में सिकंदरपुर थाने पर कई बार तहरीर दी लेकिन प्रधान के परिवार की पहुंच के कारण पुलिस कार्रवाई नहीं कर रही।
ऐसे में कही ऐसा न हो कि अपने परिवार की रक्षा के लिए वह खुदकुशी जैसा कदम न उठा ले।
...तो क्या सच में बलिया को लग गई है किसी की नजर
यूपी100
- फोटो : amar ujala
पीड़िता महिला की माने तो दबंग युवकों ने उसकी कक्षा 11 में पढ़ने वाली बड़ी पुत्री का कुछ दिनों पूर्व एक्सीडेंट करवा दिया था। तीन बार उसके घर के पते पर डिलीवरी होने की बात कह 108 नंबर एंबुलेंस को भी बुलवा दिया। ऐसे में बच्चियों को मुंह दिखाना दूभर हो गया है। ऐसे में कभी भी बेटियों के साथ कोई वारदात हो सकती है।
इस बारे में अपर पुलिस अधीक्षक विजय पाल सिंह ने कहा कि सिकंदरपुर थाने पर पीड़िता का पत्र मिला है। एसओ को जांच का आदेश दिया गया है। इसमें कोई लापरवाही न हो इसके लिए निर्देश दिया गया है। जांच के हिसाब से आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इधर, कुछ लोगों का कहना है कि मंगल पांडेय और जयप्रकाश की धरती को किसी की नजर लग गई है। बीते दो-तीन माह में यहां घटे आपराधिक वारदात इसकी गवाही देते हैं। बीते माह रागिनी हत्याकांड, दर्जन भर से ज्यादा दुष्कर्म, पेंटिंग बनाने के कारण मुस्लिम महिला की पिटाई इत्यादी घटनाएं पूरे देश में चर्चा का विषय बनी रहीं।