Now Affordable treatment in BHU Hospital, 90 per cent of cheap medicines available
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बीएचयू सर सुंदरलाल अस्पताल में शुरू अमृत फार्मेसी से दो दिनों में ही मरीजों को राहत मिलना शुरू हो गया है। 60 से 80 फीसदी छूट पर मिलने वाली दवाओं ने उनके जेब का बोझ कम कर दिया है। जो दवाएं बाजार से बीस से चौबीस हजार में मिल रही थीं, वहीं यहां चार से पांच हजार रुपये में मिल गईं। बीते दो दिनों में तीन सौ अधिक लोगों ने यहां से दवाएं ली हैं।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य योजना के तहत एचएलएल लाइफकेयर के सहयोग से उत्तर प्रदेश के पहले ‘अमृत’ आउटलेट की शुरुआत धनवंतरि दिवस पर की गई थी। दवाओं के स्टॉक आने और सॉफ्टवेयर अपडेट के बाद सोमवार से इस आउटलेट से दवाएं मिलनी शुरू हो गईं। फिलहाल आंकोलॉजी यानी कैंसर के मरीजों को महंगी दवाओं से राहत मिल गई है। दो दिनों में यहां ज्यादातर कैंसर के मरीज दवाएं लेने पहुंचे। हालांकि हृदय रोग, आर्थो के अलावा जनरल मेडिसिन, सर्जरी आदि की दवाएं भी मिल रही हैं।
मंगलवार को अमृत फार्मेसी से कैंसर के एक मरीज ने दो दवाएं खरीदीं। जिन दवाओं का बाजार में मूल्य 24,323 था, वही दवा यहां 4,276 रुपये में मिल गईं। एक दवा पर उन्हें 37 फीसदी तो दूसरी दवा पर 87 प्रतिशत की छूट मिली। इसी तरह दूसरे मरीज ने करीब सात दवाएं खरीदी, जिसकी एमआरपी 14,212 थी, उन्हें ये दवा 4,304 रुपये में मिल गईं। इतनी छूट में दवाएं मिलने से मरीज को राहत मिली है।
उनका कहना था कि अब तक जिन दवाओं पर दस हजार रुपये खर्च कर रहे थे, वो दवाएं इस फार्मेसी से अब महज दो से ढाई हजार रुपये में ही मिल गईं। मर्ज तो अपने वक्त पर ही ठीक होगा लेकिन सस्ती दवाओं ने राहत बहुत दी है। फार्मेसी के मैनेजर योगेंद्र शर्मा ने बताया कि अभी मरीजों का दबाव कम है लेकिन हम पूरी तरह तैयार हैं। चार हजार से अधिक दवाओं का स्टॉक यहां हैं। काउंटर आदि का काम चल रहा है।