इस बात को लेकर हम और हमारे साथी काफी उत्साहित हैं। दूसरे कलाकार मुन्ना लाल यादव मेंहनगर तहसील के जियापुर गांव के निवासी हैं। यह बिरहा गीतों को गाने के साथ ही धोबिया नृत्य को भी आगे बढ़ाते हैं। उन्हें भी उप्र संस्कृति विभाग द्वारा इस कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए बुलाया गया है। शनिवार को अपनी 32 सदस्यीय टीम के साथ आगरा रवाना हो गए।
मुन्ना लाल यादव का कहना है कि विलुप्त हो रही कलाओं को बचाने के लिए सरकार की यह पहल सराहनीय है। इस तरह से गांव की लोक कलाओं को आगे बढ़ाया जा सकता है। आज कठघोड़वा, धोबिया, कहंरवा आदि लोकनृत्य विधा विलुप्त होने की कगार पर पहुंच गई है। यह कार्यक्रम न सिर्फ हम कलाकारों को प्रेरित करेगी बल्कि इन कलाओं को आगे बढ़ाने का मौका भी देगा। अमेरिकी राष्ट्रपति के समक्ष अपनी कला के प्रदर्शन को लेकर हमारी टीम के सभी सदस्य बहुत ही रोमांचित हैं।