महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के हिंदी विभाग के पीएचडी परिणाम में धांधली का आरोप लगाया गया है। संबद्ध महाविद्यालय शिक्षक संघ के आरोप पर कुलपति ने जांच समिति गठित कर दी है। पीएचडी परीक्षा का अंतिम परिणाम 22 जुलाई को जारी किया गया था। इसमें 140 छात्र चयनित किए गए हैं। आरोप है कि विज्ञापन में 90 सीटें ही थीं।
शिक्षक संघ ने कुलपति प्रो. एके त्यागी को शिकायती पत्र सौंपा है। आरोप है कि ठीक से हिंदी नहीं लिखने वाले को भी पीएचडी परीक्षा में उत्तीर्ण कर दिया गया है। योग्य उम्मीदवारों की जगह चहेतों का दाखिला लिया गया है। कई जेआरएफ अभ्यर्थियों को बाहर कर दिया गया है और बिना नेट व जेआरएफ वाले 18 अभ्यर्थी उत्तीर्ण हुए हैं।
शिकायतकर्ताओं में काशी विद्यापीठ के संबद्ध कॉलेज के प्रांतीय प्रतिनिधि डॉ. बृजेश कुमार मिश्र, चंदौली के जनपदीय महाविद्यालय शिक्षक संघ के अध्यक्ष डॉ. दयानिधि सिंह यादव, संघ के महामंत्री विनोद कुमार यादव, प्रो. मनोज कुमार पांडेय, डॉ. जितेंद्र और यज्ञनाथ पांडेय शामिल थे।