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Varanasi : आईएमएस बीएचयू में दो दिन के दौरे के बाद बोले एम्स निदेशक-जल्द दिखेगा असर, डीन से मिलकर हुए रवाना

Fri, 29 Nov 2024 12:11 AM IST
नितीश कुमार पांडेय अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी

सार

आईएमएस बीएचयू में दो दिवसीय दौरे पर आए एम्स निदेशक ने कहा कि जल्द असर दिखेगा। डीन से मुलाकात के बाद रवाना होते समय इन्होंने कहा कि कमियों को दूर करने के लिए नए सिरे से प्लान बनेगा। बीएचयू में मरीजों की सुविधाओं पर रहेगा विशेष जोर, शोध का दायरा भी बढ़ेगा।
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आईएमएस निदेशक के साथ एम्स के डायरेक्टर - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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आईएमएस बीएचयू में दो दिन तक निरीक्षण करने के बाद एम्स के निदेशक डॉ.एम श्रीनिवास बृहस्पतिवार की दोपहर दिल्ली रवाना हो गए। पहले दिन अस्पताल, ट्रॉमा सेंटर के निरीक्षण के बाद दूसरे दिन उन्होंने रवाना होने से पहले आईएमएस निदेशक प्रो.एसएन संखवार, डीन प्रो. अशोक कुमार के साथ सुविधाओं सहित अन्य बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की। प्रो. श्रीनिवास ने कहा कि दो दिन का दौरा कुल मिलाकर अच्छा रहा। इस दौरान मरीजों की सुविधाओं आदि पर थोड़ी बहुत कमियां दिखी। साथ ही संकाय सदस्यों आदि के ढेर सारे सुझाव भी आए हैं, उन सब पर नए सिरे से कार्ययोजना तैयार करवाकर उन पर अमल किया जाएगा। कहा कि सुविधाओं पर जोर देने के साथ ही चिकित्सा विज्ञान में शोध का दायरा भी बढ़ेगा।
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एम्स के निदेशक डॉ.एम श्रीनिवास ने दो दिन के दौरे के दौरान अस्पताल, ट्रॉमा सेंटर के निरीक्षण के दौरान हर उस विभाग, जांच केंद्र, इमरजेंसी, वार्ड, ओपीडी आदि को देखा जिसका जुड़ाव सीधे तौर पर मरीजों के इलाज, जांच से हैं। इसमें उन्होंने जरूरत पड़ने पर बीएचयू से रेफर होकर एम्स में इलाज, जांच करवाने जाने वाले मरीजों को वरीयता देने के साथ ही संकाय सदस्यों, छात्रों, पैरामेडिकल स्टाफ को भी एम्स के विशेषज्ञों से बहुत कुछ सीखने का मौका प्रदान किया जाएगा। दौरे के दौरान उन्होंने केंद्रीय कार्यालय में वित्त विभाग सहित अन्य विभागों से जुड़े जिममेदार लोगों से भी बातचीत की। बृहस्पतिवार को दोपहर में दिल्ली रवाना होने से पहले उनह अमर उजाला से बातचीत में प्रो.एम श्रीनिवास ने कहा कि आईएमएस में एम्स जैसी सुविधा की दिशा में कार्रवाई शुरू हो गई है। निरीक्षण कर सुविधाओं की हकीकत जानना भी इसका एक भाग हैं। बहुत जल्द ही इसका असर भी देखने को मिलेगा।

दो साल में एम्स जैसा दिखने लगेगा आईएमएस बीएचयू
आईएमएस में एम्स निदेशक के दौरे के बावत आईएमएस बीएचयू के निदेशक प्रो.एसएन संखवार का कहना है कि एम्स निदेशक ने हमारी(आईएमएस बीएचयू, बीएचयू अस्पताल, ट्रॉमा सेंटर)सुविधाओं को बारीकियों से परखा। इसमें उन्होंने जांच आदि सुविधाओं को बढ़ाने का सुझाव दिया है, जिससे कि मरीजों को दूसरी जगहों पर न जाना पड़े। मरीजों की सुविधाओं पर विशेष जोर दिया जाना है। इसमें संसाधनों को बढाने की बात कही है। एक लाइन में कहें तो आईएमएस में जो भी संसाधनों की कमी हैं, उसको दूर करवाया जाएगा। इसके लिए दो साल का समय रखा गया है। इन सालों में आईएमएस बीएचयू एम्स जैसा दिखने लगेगा यानी कि यहां वो सभी सुविधाएं शुरू करवाई जाएंगी, जो कि एम्स में मरीजों को मिल रही हैं। आईएमएस को सीधे फंड मिले, इस दिशा में भी सकारात्मक कार्रवाई चल रही है।
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मिलेंगे कई उपकरण, हाईटेक हो जाएंगे हॉस्टल, क्लासरूम
कई उपकरण मिलेंगे, आईएमएस के डीन प्रो. अशोक कुमार का कहना है कि संसाधन बढ़ेंगे तो रिसर्च का दायरा भी बढ़ेगा। कई आधुनिक उपकरण भी मंगवाए जाएंगे, जिसका इस्तेमाल कर पहले की तुलना में और बेहतर कार्य किया जा सकेगा। मेडिकल छात्रों के लिए भी बहुत अच्छी व्यवस्था हेा जाएगाी। क्लासरूम और हाइटेक हो जाएंगे। हॉस्टल में भी सुविधाएं बढेंगी। निश्चित तौर पर अभी कुछ संसाधनों की जरूरत हैं, एम्स जैसी सुविधा मिलने से संस्थान का चौतरफा विकास होगा।

छात्रों ने निदेशक को सौंपा मांग पत्र,गिनाई कमियां
बीएचयू के छात्रों ने छात्रनेता आशुतोष सिंह यीशु के नेतृत्व में आईएमएस बीएचयू के निदेशक प्रो.एसएन संखवार से मुलाकात कर अस्पताल में मरीजों को होने वाली समस्याओं को बताया। साथ ही कमियां भी गिनाई। अपने मांग पत्र में आशुतोष ने कहा कि दिन प्रतिदिन मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। ऐसे में यहां आधुनिक हाईराजइ बिल्डिंग का निर्माण कराया जाना चाहिए, जहां एक ही छत के नीचे अधिकांश बीमारियों के उपचार का लाभ मरीजों को मिले। इसमें ऑपरेशन थिएटर, वार्ड, इमरजेंसी सेवाएं, जांच आदि की सुविधा भी रहे। वर्तमान समय में आने वाले मरीजों को आईसीयू की कमी, समय से डॉक्टरों की उपस्थिति न होने सहित अन्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है। मरीजों को स्ट्रेचर भी नहीं मिल पाता है। इमरजेंसी आईसीयू की भी व्यवस्था होनी चाहिए। निदेशक ने छात्रों से हर संभव समाधान की बात भी कही। इस दौरान अनिल, अमित, श्रीयांशु, करन, शिवांश, विवेक आदि मौजूद रहे।
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