केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय के संयुक्त सचिव एवं स्वच्छता मिशन के डायरेक्टर प्रवीण प्रकाश ने शुक्रवार को केंद्रीय योजनाओं के तहत हो रहे कार्यों का निरीक्षण किया। पक्के महाल में सफाई, डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन, मणिकर्णिकाघाट, हृदय योजना के तहत बन रहीं सड़कें भी देखी। काशीपुरा से विंध्याचल गली होते हुए रेशम कटरा तक फैली गंदगी पर नाराज हुए। पूछा कि सफाई होती है तो क्यों गंदगी फैली है।
प्रवीण प्रकाश करीब पौने दो बजे गोलादीनानाथ वार्ड पहुंचे। वहां से काशीपुरा होते हुए रेशमकटरा तक गए। चायपान के दूकानदारों से पूछा कि सफाई की जानकारी ली। दूकानदारों ने पहले से सुधार की बात कही। गोलादीनानाथ से रेशमकटरा तक की गलियों मेे कई जगह कूड़ा देख कार्यदायी संस्था आईएलएफएस के अधिकारियों से सवाल किया कि जब रोज सफाई होती है तो गलियों में गंदगी क्यों है?
इसमें सुधार लाने को कहा। इसके बाद मणिकर्णिकाघाट में नमामि गंगे के तहत शवदाह के लिए बन रहे प्लेटफार्म को देखा और सीढ़ियों को ठीक से बनाने का निर्देश दिया। इसके बाद हृदय योजना के तहत बन रहीं रवींद्रपुरी और कबीर नगर में सड़क आैर एलईडी लाइट कार्य को देखा। इसका काम दिसंबर तक पूरा करने का निर्देश दियि। इंटरलाकिंग कार्य, बिजली के खंभे आदि का निरीक्षण किया।
दरअसल, साल के अंत में स्वच्छता सर्वे की सूची जारी होनी है। पिछली बार रैंकिंग में बनारस पिछड़ गया था। इस बार हर हाल में सफाई व्यवस्था में सुधार कर रैंकिंग अच्छी करनी है। इसी के मद्देनजर निरीक्षण कर तेजी लाने का निर्देश दिया। उनके साथ नगर आयुक्त श्रीहरि प्रताप शाही, अपर नगर आयुक्त बीके द्विवेदी, तहसीलदार अविनाश कुमार, चीफ इंजीनियर कैलाश सिंह, सीएंडडीएस के अभियंता एके सिंह के अलावा एनटीपीसी और आईएलएफएस के अधिकारी मौजूद रहे।