वाराणसी। विश्वनाथ मंदिर परिसर में प्रस्तावित बहुउद्देश्यीय तीन मंजिला भवन के निर्माण का जिम्मा राजकीय निर्माण निगम की आजमगढ़ इकाई को दे दिया गया है। जिलाधिकारी प्रांजल यादव के निर्देश पर मंदिर प्रशासन ने यह कदम उठाया। परियोजना प्रबंधक आरपी सिंह के मुताबिक भारवहन क्षमता जानने के लिए मिट्टी की जांच कराई जा रही है। रिपोर्ट मिलने के बाद काम शुरू करा दिया जाएगा।
स्वर्ण शिखरों वाले बाबा के मुक्तांगन के पास स्थित गोयनका भवन की जमीन पर 2.34 करोड़ रुपये की लागत से बहुउद्देश्यीय भवन का निर्माण कराया जाएगा। इस भवन में मंदिर के कार्यालय के अलावा अंडरग्राउंड पार्किगिं, सत्संग भवन, कंट्रोल रूम और अन्य दफ्तरों को शिफ्ट करने की योजना है। श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए अतिथिगृह का भी निर्माण होगा। पहले इस भवन के निर्माण का जिम्मा निर्माण निगम की मिर्जापुर इकाई को दिया जाना था, लेकिन बाद में प्रमुख सचिव धर्मार्थ नवनीत सहगल से राजकीय निर्माण निगम के प्रबंध निदेशक आरएन यादव की वार्ता के बाद इरादा बदल दिया गया। मिर्जापुर इकाई के कामकाज से अफसर संतुष्ट नहीं थे। अब बहुउद्देश्यीय भवन के निर्माण का काम निर्माण निगम की आजमगढ़ यूनिट से कराने की संस्तुति कर दी गई। आजमगढ़ इकाई के परियोजना प्रबंधक आरपी सिंह ने सोमवार को इसकी पुष्टि की। उन्होंने बताया कि मिट्टी की जांच कराई जा रही है। धन जारी होते ही काम शुरू हो जाएगा।