वाराणसी। मानसिक चिकित्सालय के समीप स्थित पांडेयपुर तालाब अब जल्द ही शहर के नए पिकनिक स्पॉट के रूप में पहचाना जाएगा। नगरीय तालाब संरक्षण योजना के जरिए यहां पर्यटन सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इसके लिए पांच करोड़ रुपये स्वीकृत हो गए हैं। साथ ही, तालाब के सौंदर्यीकरण की डिजाइन भी फाइनल हो गई है। जल्द ही इसको संवारने का काम शुरू कराया जाएगा।
2.71 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में यह तालाब फैला हुआ है। सौंदर्यीकरण के बाद यह वरुणापार इलाके का इकलौता ऐसा तालाब होगा, जहां लोगों के घूमने-टहलने के लिहाज से सभी सुविधाएं होंगी। तालाब को संवारने के साथ ही वहां पैडल वोट, पाथ-वे, हेरिटेज लाइटें और बैठने के लिए बेंच की व्यवस्था होगी। तालाब के चारों ओर शोभाकार पेड़-पौधे लगाए जाएंगे। फिलहाल तालाब जलकुंभी और मलबे से पटा पड़ा है। जल्द ही सफाई कराकर इसको संवारने का काम शुरू कराया जाएगा।
पांडेयपुर तालाब के सुंदरीकरण का काम कार्यदायी संस्था सीएंडडीएस को दिया गया है। इसे झील के रूप में विकसित करने की योजना है। इसकी डिजाइन तैयार कराई जा रही है। इसके बाद तालब पर जल्द काम शुरू करा दिया जाएगा। डॉ. नितिन बंसल, नगर आयुक्त
शिवपुर और आवास-विकास तालाब का भी हो रहा कायाकल्प
वाराणसी। पांडेयपुर तालाब के अलावा वीडीए अवस्थापना निधि से शिवपुर और आवास-विकास तालाब की मरम्मत करा रहा है। शिवपुर थाने के सामने पौराणिक तालाब के सामने से वीडीए ने अतिक्रमण भी ढहा दिया है। वहां आधे से अधिक काम भी पूरा हो चुका है। इसी तरह पांडेयपुर आवास-विकास तालाब का काम भी आधा हो चुका है। वीडीए सचिव विशाल सिंह ने बताया कि दोनों तालाबों को काम फरवरी तक पूरा कर लिया जाएगा। इससे तालाबों के संरक्षण के साथ ही क्षेत्रीय लोगों को सुबह-शाम वहां बैठने और घूमने का बेहतर स्थान होगा। वहां लाइटिंग के साथ ही बैठने के लिए बेेंच और पाथवे का निर्माण कराया जाएगा।