वाराणसी। कैंट रेलवे स्टेशन के पास पुलिस और क्राइम ब्रांच ने मुठभेड़ के बाद एक असलहा तस्कर को गिरफ्तार किया है। उसकी निशानदेही पर क्राइम ब्रांच ने इमिलिया घाट स्थित झाडि़यों से दस तमंचे, एक देसी रिवाल्वर, चार कारतूस, सड़सी, हथौड़ी, रेती, छेनी, लोहे के कई ब्लेड सहित असलहे बनाने से संबंधित अन्य सामान बरामद किया है।
आरोपी की पहचान मिर्जापुर के अदलहाट थाना के भुईलखास निवासी मिठाई लाल के रूप में की गई है। पुलिस के अनुसार वह मुंगेर से अवैध असलहे लाता था और खुद भी तैयार कर बदमाशों को बेचता था। मिठाई लाल को सोमवार देर रात कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर नौ के समीप गिरफ्तार किया गया। वह उस वक्त ट्रेन से उतरा था और मुंगेर से आया था।
एसएसपी आनंद कुलकर्णी ने मंगलवार को बताया कि सर्विलांस प्रभारी राजीव रंजन उपाध्याय के साथ क्राइम ब्रांच प्रभारी विक्रम सिंह कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर नौ के बाहर मौजूद थे। क्राइम ब्रांच प्रभारी को सूचना मिली थी कि असलहों की तस्करी का आरोपी मिठाई लाल मुंगेर से ट्रेन से आ रहा है। क्राइम ब्रांच प्रभारी की सूचना पर इंस्पेक्टर कैंट विजय बहादुर सिंह भी फोर्स के साथ पहुंचे और घेराबंदी की गई। पुलिस बल को देख मिठाई लाल ने फायरिंग की लेकिन जवाबी कार्रवाई में वह पकड़ा गया। मिठाई लाल से मिली जानकारी के आधार पर उसके अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए क्राइम ब्रांच की एक टीम मुंगेर गई है।
मुंगेर में खराद मशीन में काम और बदमाशों से संपर्क
पुलिस के अनुसार मिठाई लाल ने बताया कि वह 25 साल से अवैध असलहे बेचने के काम से जुड़ा है। मुंगेर में इरशाद के खराद मशीन पर वह काम करता था, जहां अवैध असलहे बनाये जाते थे। मशीन में काम करने के दौरान ही घायल हुआ तो बनारस चला आया और सारनाथ के सोना तालाब क्षेत्र में रहने लगा। इसी दौरान मुठभेड़ में मारे गए बदमाश सनी सिंह से उसका संपर्क हुआ तो उसे और उसके गिरोह को अवैध असलहे देने लगा। सनी की वजह से ही वह गुड्डू मामा, आबिद सिद्दीकी, फैजान सहित अन्य बदमाशों के गिरोह के संपर्क में आया।
बेच चुका है एक हजार हथियार
पुलिस के अनुसार मिठाई लाल पूर्वांचल के विभिन्न जिलों में करीब एक हजार असलहे बेच चुका है। आर्म्स एक्ट के आधा दर्जन से अधिक मामलों के आरोपी मिठाई लाल के अनुसार वह मुंगेर से पिस्टल लाकर 25 से 30 हजार में, रिवाल्वर 15 से 20 हजार में और तमंचे तीन से पांच हजार में बेचता था। असलहा खराब हो जाने पर उसकी मरम्मत की जिम्मेदारी भी मिठाई लाल पर होती थी और इसके बदले में दो से ढाई हजार रुपये मिलते थे।
पुरस्कृत होगी टीम
एसएसपी के अनुसार नए साल के पहले दिन क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई की। आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम में शामिल क्राइम ब्रांच प्रभारी विक्रम सिंह, सर्विलांस प्रभारी राजीव रंजन उपाध्याय, इंस्पेक्टर कैंट विजय बहादुर सिंह, एसआई प्रदीप यादव, सुमंत सिंह, रामभवन यादव, पुनदेव सिंह, सुरेंद्र मौर्य, घनश्याम वर्मा, रामबाबू, चंद्रसेन सिंह, कुलदीप सिंह, सुनील राय, रामानंद यादव च विवेकमणि त्रिपाठी को आईजी रेंज और एडीजी जोन से पुरस्कृत कराया जाएगा।